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फुटपाथ पर घड़ी बनाने वाले का बेटा बना सेकेंड टॉपर, पूर्णिया के लक्की अंसारी ने किया कमाल

पूर्णिया के लक्की अंसारी ने इंटर आर्ट्स में 478 अंक लाकर बिहार में दूसरा स्थान हासिल किया, आर्थिक तंगी के बावजूद पेश की मिसाल।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mar 23, 2026, 4:47:27 PM

बिहार न्यूज

इंटर का रिजल्ट जारी - फ़ोटो सोशल मीडिया

PURNEA: गवर्मेंट इंटर कॉलेज, जिला स्कूल, पूर्णिया का छात्र मोहम्मद लक्की अंसारी ने इंटर आर्ट्स में सेकंड रैंक हासिल किया है। लक्की का रौल कोड 91005 और रौल नंबर 26030081 है। इंटर आर्ट्स में तीन परीक्षार्थियों ने दूसरा रैंक हासिल किया है। सीतामढ़ी  की सिद्धी शिखा और लखीसराय का चंद्रदीप कुमार ने भी दूसरा रैंक इंटर कला में प्राप्त किया है। जबकि गया की नीशू कुमारी इंटर आर्ट्स टॉपर में नंबर वन रैंक हासिल किया है।  


बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) द्वारा घोषित इंटरमीडिएट 2026 के परिणाम में पूर्णिया जिले के लक्की अंसारी ने आर्ट्स संकाय में पूरे बिहार में दूसरा स्थान हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है। उन्होंने कुल 478 अंक प्राप्त किए और अपनी मेहनत से एक प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत किया।


लक्की अंसारी पूर्णिया के सहायक खजांची हाट (वार्ड 27) के निवासी हैं। उनकी सफलता इसलिए और भी खास बन जाती है क्योंकि वे बेहद साधारण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से आते हैं। उनके पिता मो. इम्तियाज अंसारी फुटपाथ पर घड़ी की मरम्मत कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद लक्की ने कभी हार नहीं मानी और अपने लक्ष्य की ओर लगातार बढ़ते रहे।


आर्थिक तंगी के बीच उन्होंने करीब छह महीने तक एक मेडिकल स्टोर में काम किया, ताकि परिवार की मदद कर सकें। इसके बावजूद उन्होंने अपनी पढ़ाई से समझौता नहीं किया और प्रतिदिन 6 से 7 घंटे तक नियमित अध्ययन किया। लक्की ने कोचिंग के साथ-साथ ऑनलाइन माध्यमों का भी सहारा लिया, जिससे उनकी तैयारी और मजबूत हुई।


लक्की ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता और शिक्षकों को दिया है। परिवार के अनुसार, वे शुरू से ही पढ़ाई के प्रति गंभीर और मेहनती रहे हैं। महज एक अंक से राज्य में पहला स्थान चूकने के बावजूद उनकी उपलब्धि पूरे जिले के लिए गर्व का विषय है।


लक्की का सपना आगे चलकर शिक्षक बनने का है। उनका मानना है कि शिक्षा ही समाज में बदलाव लाने का सबसे सशक्त माध्यम है। उनकी यह सफलता उन सभी छात्रों के लिए प्रेरणा है, जो कठिन परिस्थितियों में भी बड़े सपने देखने और उन्हें पूरा करने का साहस रखते हैं।