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थानेदार नहीं बन पाने वाले पुलिस अधिकारियों की लिस्ट मुख्यालय ने मांगी, सभी जिलों से मंगाई सूची

PATNA : बिहार पुलिस मुख्यालय ने ऐसे पुलिस अधिकारियों की लिस्ट जिलों से मंगाई है जो थानेदार और अंचल निरीक्षक के पद पर तैनाती के मापदंड में बदलाव के बावजूद इस पर फिट नहीं बैठते। पुलि

थानेदार नहीं बन पाने वाले पुलिस अधिकारियों की लिस्ट मुख्यालय ने मांगी, सभी जिलों से मंगाई सूची
Santosh Singh
3 मिनट

PATNA : बिहार पुलिस मुख्यालय ने ऐसे पुलिस अधिकारियों की लिस्ट जिलों से मंगाई है जो थानेदार और अंचल निरीक्षक के पद पर तैनाती के मापदंड में बदलाव के बावजूद इस पर फिट नहीं बैठते। पुलिस मुख्यालय ने सभी जिलों के एसएसपी और एसपी को पत्र लिखकर इससे संबंधित जानकारी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। दरअसल 24 जून 2019 को गृह विभाग ने आदेश जारी कर थानेदार और अंचल निरीक्षक बनने के लिए मापदंड तय किए थे। गृह विभाग के उस संकल्प के मुताबिक वैसे इंस्पेक्टर दरोगा को थानेदार या सर्किल इंस्पेक्टर नहीं बनाया जा सकता जो किसी न्यायालय द्वारा दोषी सिद्ध किए गए हैं।


विभाग के इस आदेश के मुताबिक महिलाओं से दुर्व्यवहार, भ्रष्टाचार, अभिरक्षा में हिंसा के मामले में दोषियों को भी इस परिधि में रखा गया है। शराब के निर्माण, बिक्री, तस्करी और इस्तेमाल में संलिप्तता की स्थिति में भी थानेदार से वंचित रखने का संकल्प है। इसके अलावा विभागीय कार्रवाई लंबित रहने पर भी इन पदों पर ऐसे पुलिस अधिकारियों की पोस्टिंग नहीं हो सकती। हालांकि इसमें एक और प्रावधान था जिसे जनवरी 2021 में संशोधित किया गया। विभागीय कार्यवाही या पुलिस मैनुअल के अनुसार तीन वृहत सजा पर थानेदार या सर्किल बनाने पर रोक थी। संशोधन के बाद सजा का प्रभाव खत्म होने पर ऐसे पुलिस अधिकारियों को थानेदार या सर्किल इंस्पेक्टर बनाया जा सकता है। 


अब पुलिस मुख्यालय ने इसी मामले में जिलों से नई लिस्ट तलब की है। थानेदार और सर्किल इंस्पेक्टर के लिए तय मापदंड में संशोधन के बावजूद जिले में तैनात कितने इंस्पेक्टर और सब इंस्पेक्टर इन पदों पर नियुक्ति के लिए फिट नहीं बैठते इसकी जानकारी मांगी गई है। आईजी मुख्यालय की तरफ से सभी जिलों को पत्र लिखकर यह जानकारी मांगी गई है। जून 2019 में बनाए गए नियम के बाद राज्य भर में बड़ी संख्या में थानेदार और सर्किल इंस्पेक्टर को उनके पदों से हटाया गया था। सरकार के तय मापदंडों में फिट नहीं बैठने वाले कुल 384 थानेदार और सर्किल इंस्पेक्टर को अपने पद से हाथ धोना पड़ा था।