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नवादा के SDO पर कार्रवाई कर नीतीश ने अपने चहेते अधिकारियों को बचाया ! एक दर्जन से ज्यादा DM फंसे, चुप्पी साध कर बैठ गये हैं नीतीश

PATNA : कोटा में फंसे विधायक अनिल कुमार को पास जारी करने वाले नवादा के SDM को सस्पेंड करने वाली नीतीश कुमार की सरकार ने अपने एक दर्जन से ज्यादा DM और चहेते अधिकारियों को बचा लिया ह

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PATNA : कोटा में फंसे विधायक अनिल कुमार को पास जारी करने वाले नवादा के SDM को सस्पेंड करने वाली नीतीश कुमार की सरकार ने अपने एक दर्जन से ज्यादा DM और चहेते अधिकारियों को बचा लिया है. बिहार के एक दर्जन से ज्यादा डीएम और एसडीएम ने लोगों को कोटा आने जाने का पास निर्गत किया. लेकिन सारे अधिकारी सरकार के खास है लिहाजा कार्रवाई के बदले चुप्पी साध ली गयी है.



अपने चहेते अधिकारियों को बचा रही है सरकार
बिहार में अभी कोरोना महामारी एक्ट लागू है. इसके तहत किसी भी तरह की बंदिश और छूट देने का अधिकार सिर्फ डीएम को है. लेकिन ज्यादातर जिलों के डीएम ने छोटे अधिकारियों को पास जारी करने का अधिकार दे दिया है. सरकारी कानून साफ साफ कहता है कि डीएम की मंजूरी के बाद ही कोई भी अधिकारी अंतर्राज्यीय पास जारी कर सकता है. लिहाजा अगर पास जारी होता है तो उसके लिए पहली जिम्मेवारी डीएम की ही बनती है.



कई डीएम ने खुद जारी किये हैं पास
बिहार प्रशासनिक सेवा संघ ने सरकार को पत्र लिखा है. इसमें पूरी जानकारी दी गयी है कि कई जिलों के डीएम ने खुद पास जारी कर लोगों को कोटा जाने-आने की अनुमति दी. पटना, मुजफ्फरपुर, जहानाबाद, भोजपुर जैसे कई जिलों में डीएम ने खुद पास जारी कर लोगों को कोटा से अपने बच्चों को लाने की अनुमति दी. सरकार ने ऐसे ही आरोप में नवादा के एसडीएम को तो सस्पेंड कर दिया लेकिन बाकी किसी पदाधिकारी पर कोई कार्रवाई नहीं की.



चहेते एसडीएम पर भी कार्रवाई नहीं
फर्स्ट बिहार झारखंड के पास आरा सदर के एसडीएम द्वारा जारी कई पास मौजूद है. आरा सदर के एसडीएम ने कई रसूखदार लोगों को कोटा आने-जाने का पास निर्गत किया. खबर ये मिल रही है आरा एसडीएम अपने दफ्तर से पास निर्गत होने संबंधी सारे कागजातों को हटा चुके हैं. आरा में होने वाली चर्चा के मुताबिक आरा सदर के एसडीएम राज्य सरकार के एक बेहद कद्दावर अधिकारी के बेहद करीबी हैं. लिहाजा उनके खिलाफ कार्रवाई होने की संभावना भी नहीं दिख रही है.

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बासा ने कहा काला बिल्ला लगायेंगे
उधर बिहार प्रशासनिक सेवा संघ बासा ने राज्य सरकार के भेदभाव के खिलाफ आंदोलन की घोषणा कर दी है. 24 अप्रैल से 03 मई तक बासा के सारे पदाधिकारी काला बिल्ला लगा कर काम करेंगे. उसके बाद आगे की कार्रवाई तय की जायेगी.


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