ब्रेकिंग
सम्राट कैबिनेट में मंत्री बनने के बाद निशांत कुमार का पहला रिएक्शन, जानिए.. क्या बोले?दो घंटे के भीतर पुलिस ने लूटकांड का किया खुलासा, लूट में शामिल तीन बदमाश गिरफ्तारलेसी सिंह बनीं 8वीं बार मंत्री, बिहार की राजनीति में रचा इतिहासमुजफ्फरपुर के एक होटल में हो गया बड़ा कांड: शादी का झांसा देकर युवती से दरिंदगी, प्रेमी गिरफ्तारबिहार में मिड डे मील खाने के बाद 250 से अधिक बच्चों की तबीयत बिगड़ी, स्कूल में मचा हड़कंपसम्राट कैबिनेट में मंत्री बनने के बाद निशांत कुमार का पहला रिएक्शन, जानिए.. क्या बोले?दो घंटे के भीतर पुलिस ने लूटकांड का किया खुलासा, लूट में शामिल तीन बदमाश गिरफ्तारलेसी सिंह बनीं 8वीं बार मंत्री, बिहार की राजनीति में रचा इतिहासमुजफ्फरपुर के एक होटल में हो गया बड़ा कांड: शादी का झांसा देकर युवती से दरिंदगी, प्रेमी गिरफ्तारबिहार में मिड डे मील खाने के बाद 250 से अधिक बच्चों की तबीयत बिगड़ी, स्कूल में मचा हड़कंप

बिहार के इन 6 रेलवे स्टेशनों को मिला जंक्शन का दर्जा, इस दिन से होगा प्रभावी; होंगे यह बड़े फायदे

Bihar News: समस्तीपुर मंडल के छह रेलवे स्टेशनों के नाम में 15 मार्च 2026 से आधिकारिक रूप से “जंक्शन” जोड़ दिया जाएगा। इसमें हसनपुर रोड, सीतामढ़ी, सरायगढ़, सुपौल, ककरघट्टी और शीशो स्टेशन शामिल हैं।

Bihar News
प्रतिकात्मक तस्वीर
© Google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar News: पूर्व मध्य रेल मुख्यालय, हाजीपुर ने वाणिज्यिक अधिसूचना जारी कर समस्तीपुर मंडल के छह महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशनों के नाम के साथ आधिकारिक रूप से “जंक्शन” शब्द जोड़ने की घोषणा की है। यह निर्णय मंडल की अनुशंसा पर सक्षम प्राधिकारी द्वारा स्वीकृत किया गया है और 15 मार्च 2026 से प्रभावी होगा।


इस बदलाव के तहत स्टेशनों के नाम इस प्रकार होंगे:

हसनपुर रोड → हसनपुर रोड जंक्शन

सीतामढ़ी → सीतामढ़ी जंक्शन

सरायगढ़ → सरायगढ़ जंक्शन

सुपौल → सुपौल जंक्शन

ककरघट्टी → ककरघट्टी जंक्शन

शीशो → शीशो जंक्शन


रेल प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इन स्टेशनों के अल्फाबेटिकल और न्यूमिरिकल कोड में कोई बदलाव नहीं किया गया है। सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने सिस्टम, मॉड्यूल, टिकटिंग, वाणिज्यिक और परिचालन रिकार्ड में इन संशोधित नामों को अद्यतन करें।


बता दें कि “जंक्शन” शब्द यह दर्शाता है कि यह स्टेशन एक से अधिक रेलमार्गों का संगम है, जिससे यात्रियों और रेल संचालन दोनों के लिए स्टेशन की पहचान स्पष्ट होती है। दूरदराज से आने वाले यात्रियों को यह समझने में आसानी होगी कि स्टेशन से विभिन्न दिशाओं में रेल संपर्क उपलब्ध है। 


जंक्शन के रूप में पहचान मिलने से माल ढुलाई, कनेक्टिविटी और यात्री सुविधाओं के विस्तार की संभावनाएं भी मजबूत होंगी। साथ ही, रेलवे की डिजिटल प्रणालियों, टिकटिंग प्लेटफॉर्म और वाणिज्यिक रिकॉर्ड में स्टेशनों की सही और एकरूप पहचान सुनिश्चित होगी।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता

संबंधित खबरें