पूर्व सांसद सूरजभान सिंह और चंदन सिंह समेत 6 पर मोकामा थाने में केस दर्ज, अनंत सिंह के समर्थक ने हत्या की कोशिश का लगाया आरोप

मोकामा में अनंत सिंह और सूरजभान सिंह समर्थकों के बीच हुई झड़प के बाद पूर्व सांसद सूरजभान सिंह, चंदन सिंह समेत 6 लोगों पर हत्या की कोशिश का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने केस संख्या 92/26 दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Wed, 25 Feb 2026 03:14:54 PM IST

बिहार न्यूज

पंडारक और मोकामा थाने में केस दर्ज - फ़ोटो रिपोर्टर

PATNA:पूर्व सांसद सूरजभान सिंह की मुश्किलें थमने का नाम नहीं ले रही है। 22 फरवरी दिन रविवार को मोकामा विधायक बाहुबली अनंत सिंह और पूर्व सांसद सूरजभान सिंह के समर्थकों के बीच लड़ाई मामले में 24 फरवरी को पंडारक और मोकामा थाने में अलग-अलग केस दर्ज किया गया। पंडारक के रहने वाले अमित कुमार ने पूर्व सांसद सूरजभान सिंह, कन्हैया सिंह और खन्ना सिंह सहित 8 लोगों के खिलाफ पंडारक थाने में FIR दर्ज कराया था। उसी दिन 24 फरवरी को मोकामा थाने में भी पूर्व सांसद सूरजभान सिंह, चंदन सिंह, कन्हैया सहित 6 लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया। केस संख्या 92/26 मोकामा थाने में दर्ज हुआ है। 


पटना के पंडाररक थाना क्षेत्र के उच्चापर टोला वार्ड 8 निवासी सुभाष प्रसाद सिंह के बेटे अमित कुमार ने थाने में लिखित आवेदन देकर एफआईआर दर्ज कराया। अमित कुमार ने मोकामा थाने की पुलिस को बताया कि 22.02.2026 रविवार को समय 3:10 बजे दिन में मुझे सूचना मिली कि मेरे भाई सोबिर की हत्या कर दी गई है। जिसके बाद मैं मोकामा से निकला अपनी गाड़ी संख्या-BR01EX/2363 वेगनआर से आ रहा था। तब मेकरा के पास लगभग 03:30 बजे (1) माधव कुमार उर्फ खन्ना, पिता स्व० शैलेन्द्र प्रसाद सिंह (2) ओम कुमार उर्फ मिठु कुमार, पिता माधव कुमार उर्फ खन्ना (3) रवि शंकर कुमार उर्फ रकटु, पिता स्व० देवेन्द्र सिंह जो गाड़ी चला रहा था। जो देखते ही माधव कुमार उर्फ खन्ना और ओमकार कुमार उर्फ मिठु कुमार दोनों ड्राईवर को इशारा किया की मार डालो और आकर गाड़ी के सामने से आकर टक्कर मार दिया। 


जिससे मेरी गाड़ी क्षतिग्रस्त हो गई और गाड़ी का एयरबैग खुल गया और मेरी जान बची। मैं वहां से गाड़ी छोड़कर भागने लगा तब मेरा पिछा किया गया। बाप और बेटा दोनों चिल्लाकर बोल रहा था कि मार डालो और उनके साथ 3 से 4 की संख्या में लोग मौजूद थे। इस घटना का षड्यंत्र रचने में (1) पूर्व सासंद सुरजभान सिंह (2) पूर्व सासंद चन्दन सिंह (3) कन्हैया सिंह तीनों के पिता स्व० रामनन्दन सिंह, साकिन शंकरवार टोला मोकामा का स्थाई निवासी है। मुझे पूरा विश्वास है कि ये लोग मेरे और मेरे परिवार के साथ कभी भी कहीं भी कुछ भी घटना हो सकता है और मरवा भी सकता है। मेरे और मेरे भाई की मौत एक्सीडेंट का रूप भी दे सकता है एवं दूसरे केस में भी फंसा सकता है। जिससे हमलोग काफी भयभीत और डरे सहमे हुए है। अतः श्रीमान् से प्रार्थना है कि उपरोक्त बातों को ध्यान में रखते हुए प्राथमिकी दर्ज किया जाय और उचित कानूनी कार्रवाई करने की कृपा की जाय।


अमित कुमार ने पूर्व सांसद सूरजभान सिंह, उनके भाई कन्हैया और बहनोई माधव कुमार उर्फ खन्ना सिंह सहित 8 लोगों के खिलाफ केस पंडारक थाने में भी दर्ज कराया है। कांड संख्या 46/26 पंडारक थाने में दर्ज किया गया है। इन सभी के ऊपर अनंत सिंह के समर्थक शोभीर उर्फ सुमित जो अमित सिंह का भाई है, जिसका गला दबाकर और गले में गमछा डालकर हत्या करने की कोशिश करने का आरोप अमित ने लगाया है।  पटना में इलाज करा रहे शोभीर उर्फ सुमित ने भी पुलिस को बताया कि बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान अनंत सिंह का समर्थन किया था। इसी वजह से सूरजभान सिंह, कन्हैया और खन्ना सिंह ने गले में गमछा डालकर हत्या करने की कोशिश की। इस दौरान मारपीट भी की गयी। शोभीर के बयान और उसके भाई अमित की शिकायत के बाद पंडारक और मोकामा थाने में हत्या की कोशिश सहित कई धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की छानबीन में जुटी है। 




गौरतलब है कि 22 फरवरी दिन रविवार को मोकामा के विधायक बाहूबली अनंत सिंह और पूर्व सांसद सूरजभान सिंह के समर्थकों के बीच लड़ाई हुई थी। अनंत सिंह के समर्थक शोभीर उर्फ सुमित और उसके भाई अमित कुमार ने सूरजभान सिंह, कन्हैया सिंह, खन्ना सिंह सहित अन्य लोगों पर जान लेवा हमला किये जाने का आरोप लगाया था। इस घटना के बाद मोकामा विधानसभा चुनाव रंजिश का घाव एक बार फिर ताजा हो गया।  अनंत सिंह के समर्थक अमित कुमार ने घटना वाले दिन यह कहा था कि उसके भाई शोभीर को लगातार जान से मारने की धमकी मिल रही थी। सूरजभान सिंह के बहनोई खन्ना सिंह एवं अन्य लोगों ने मिलकर उनके भाई शोभीर को बंधक बना लिया और मारपीट की। उन लोगों ने मेरे भाई शोभीर को गले में फांसी लगाने की भी कोशिश की। लेकिन शोभीर इस दौरान किसी तरह वहां से बचकर भाग निकला। लोगों ने उसका पीछा किया लेकिन वह हाथ नहीं आया।




वहां से बच निकलने के बाद आनन-फानन में उसे इलाज के लिए पंडारक पीएचसी ले जाया गया। जहां उसकी गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने बेहतर इलाज के लिए बाढ अनुमंडलीय अस्पताल रेफर किया. वहां से भी उसे पीएमसीएच रेफर कर दिया गया। वही घायल शोभीर के भाई अमित ने यह भी बताया कि विधानसभा चुनाव के दौरान दुलारचंद यादव की मौत हो गयी थी। हम दोनों भाई अनंत सिंह के समर्थन में खड़े थे, इसलिए हमें फंसाया गया। उस केस के बाद अब जान से मारने की धमकी दिया जा रहा है। वही घायल शोभीर के भाई अमित ने बताया कि माधव कुमार उर्फ खन्ना सिंह, उनका बेटा मिट्ठू, तिशू कुमार, विकास कुमार अनिल सिंह एक हमारे चचेरे बड़े भाई संजय सिंह ने हमला किया है। हम दोनों भाई अनंत सिंह के कार्यकर्ता हैं। दुलारचंद जी वाले घटना में हम लोगों का कोई हाथ नहीं था लेकिन इसके बावजूद मेरे तीन भाईयों को नामजद आरोपी बना दिया गया। इन लोगों ने मेरी गाड़ी पर भी स्कॉर्पियों चढ़ाने की कोशिश की। जब मैं अपने भाई को देखने अस्पताल जा रहा था तभी मुझ पर भी जानलेवा हमला किया गया। 


अमित ने बताया कि विधानसभा चुनाव के दौरान उस वक्त मेरे भाई पर वीणा देवी की गाड़ी का शीशा तोड़ने का आरोप लगा था। वही चुनावी रंजिश को लेकर मेरे भाई को लोग मारना चाहते हैं।  विधानसभा चुनाव के दौरान दुलारचंद यादव हत्या मामले में घायल शोभीर पर आरोप लगा था। उसके तीन भाईयों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज की गयी थी। घटना के दो दिन बाद 24 फरवरी को इस मामले में पंडारक और मोकामा थाने में केस दर्ज कराया गया है। पंडारक थाने में सूरजभान सिंह, भाई कन्हैया सिंह और बहनोई खन्ना सिंह सहित 8 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया। जिसका कांड संख्या 46/26 है जबकि मोकामा में पूर्व सांसद सूरजभान सिंह और उनके भाई चंदन सिंह और कन्हैया सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज किया गया है। जिसका कांड संख्या 92/26 है। दोनों मामला हत्या का प्रयास किये जाने का है। केस दर्ज होने के बाद मोकामा और पंडारक थाने की पुलिस पूरे मामले की छानबीन में जुट गई है।