1st Bihar Published by: First Bihar Updated Tue, 24 Feb 2026 02:03:44 PM IST
- फ़ोटो
Road Safety : बिहार के मीठापुर क्षेत्र में ट्रैफिक सुधार और रोड सेफ्टी के लिए कई नए ट्रैफिक सिग्नल लगाए जाने जा रहे हैं। ये सभी सिग्नल सीधे इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से जुड़े होंगे, जिससे ट्रैफिक की रियल-टाइम मॉनिटरिंग संभव होगी। इससे ट्रैफिक जाम, दुर्घटना और रोड सेफ्टी में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।
सर्वे के दौरान मीठापुर न्यू बाइपास, मलाही पकड़ी पुल के नीचे, करबिगहिया पेट्रोल पंप, मुन्ना चौक, डीपीएस मोड़, गोला रोड, रूपसपुर पुल (दोनों ओर), आरा गार्डन मोड़, अंबेडकर पथ, त्रिभुवन मोड़, आयुक्त कार्यालय मोड़, स्वामी नंदन तिराहा, गौरिया टोली, जीपीओ पुल के नीचे, डंका इमली गोलंबर, एनआईटी मोड़ और आर ब्लॉक के नीचे सिग्नल लगाने की योजना बनाई गई है। इन स्थानों पर ट्रैफिक सिग्नल लगने से इन क्षेत्रों में वाहनों का संचालन सुचारू और सुरक्षित होने की संभावना है।
हालांकि, सर्वे में कुछ स्थानों को अस्वीकार भी किया गया है। आरपीएस मोड़ पर मेट्रो निर्माण कार्य जारी होने के कारण सिग्नल लगाने की सुविधा नहीं है। वहीं, जीपीओ के ऊपर पुल होने और चिल्ड्रेन पार्क के पास तकनीकी कठिनाइयों के कारण भी सिग्नल नहीं लगाए जा पाएंगे। इसके अलावा अगमकुआं आरओबी, पूरब दरवाजा, चौक थाना, विसंभरपुर और बिहटा चौक में सड़कें संकरी होने या निर्माण कार्य चलने की वजह से इन्हें भी अस्वीकार्य स्थान माना गया।
ट्रैफिक सिग्नल योजना से न केवल ट्रैफिक के नियंत्रण में मदद मिलेगी, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी और यातायात के प्रवाह में सुधार भी संभव होगा। कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से जुड़े होने के कारण, ट्रैफिक पुलिस को किसी भी स्थिति में तत्काल प्रतिक्रिया देने में आसानी होगी। इस तरह के स्मार्ट सिग्नल सिस्टम से क्षेत्रीय नागरिकों को सुरक्षित और व्यवस्थित यातायात की सुविधा मिलेगी।
इसके अलावा, योजना के कार्यान्वयन से मीठापुर और आसपास के क्षेत्रों में सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक मैनेजमेंट में नई तकनीक का प्रयोग बढ़ेगा। अधिकारियों ने बताया कि अगले कुछ महीनों में इन सिग्नलों की स्थापना पूरी कर ली जाएगी और ट्रैफिक की नियमित निगरानी शुरू हो जाएगी।
इस प्रकार, मीठापुर क्षेत्र के इन प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल लगाना न केवल ट्रैफिक सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि यह नागरिकों की सुरक्षा और यातायात प्रवाह को बेहतर बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण योगदान देगा।