ब्रेकिंग
तीन महीने से नहीं मिला वेतन, अचानक सदर अस्पताल के सुरक्षा गार्डों ने छोड़ी ड्यूटी; आश्वासन के बाद काम पर लौटेPatna PhD Protest : 19 दिन से अनशन, अब लोकभवन की ओर कूच! बैरिकेडिंग पर चढ़े PhD होल्डर्स,MLC चुनाव में बिगाड़ेंगे खेल बिहार में प्रमोशन घोटाला ! जांच में धरा गए DEO और RDDE, शिक्षा विभाग के दोनों अफसरों की प्रोन्नति रद्द, जानें पूरा मामला... बिहार में उफान पर नदियां: पटना से भागलपुर तक गंगा का जलस्तर बढ़ा, कई जिलों पर खतरा मंडराया; अलर्ट मोड में सरकारबिहार में 2030 तक 13 एयरपोर्ट से उड़ानें, दिल्ली-मुंबई के लिए सीधी फ्लाइट; इन शहरों को मिलेगी कनेक्टिविटीतीन महीने से नहीं मिला वेतन, अचानक सदर अस्पताल के सुरक्षा गार्डों ने छोड़ी ड्यूटी; आश्वासन के बाद काम पर लौटेPatna PhD Protest : 19 दिन से अनशन, अब लोकभवन की ओर कूच! बैरिकेडिंग पर चढ़े PhD होल्डर्स,MLC चुनाव में बिगाड़ेंगे खेल बिहार में प्रमोशन घोटाला ! जांच में धरा गए DEO और RDDE, शिक्षा विभाग के दोनों अफसरों की प्रोन्नति रद्द, जानें पूरा मामला... बिहार में उफान पर नदियां: पटना से भागलपुर तक गंगा का जलस्तर बढ़ा, कई जिलों पर खतरा मंडराया; अलर्ट मोड में सरकारबिहार में 2030 तक 13 एयरपोर्ट से उड़ानें, दिल्ली-मुंबई के लिए सीधी फ्लाइट; इन शहरों को मिलेगी कनेक्टिविटी

बढ़ेगी दो लाख किसानों की मुश्किलें! इस वजह से नहीं मिलेगी डीजल अनुदान राशी

PATNA : सूखे की मार झेल रहे किसानों पर कृषि विभाग के कारिंदों की कारस्तानी भारी पड़ रही है। खरीफ फसल की सिंचाई के

बढ़ेगी दो लाख किसानों की मुश्किलें! इस वजह से नहीं मिलेगी डीजल अनुदान राशी
Tejpratap
Tejpratap
2 मिनट

PATNA : सूखे की मार झेल रहे किसानों पर कृषि विभाग के कारिंदों की कारस्तानी भारी पड़ रही है। खरीफ फसल की सिंचाई के लिए डीजल अनुदान आवेदन करने वाले आठ लाख 43 हजार किसानों में दो लाख से अधिक किसान इससे वंचित हो गए हैं। इसमें सर्वाधिक किसान बांका,मधुबनी, मुजफ्फरपुर, पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण एवं शिवहर जिले के हैं।


दरअसल, खरीफ फसल की सिंचाई के लिए डीजल अनुदान आवेदन करने वाले आठ लाख 43 हजार किसानों में दो लाख से अधिक किसान इससे वंचित हो गए हैं। इसमें सर्वाधिक किसान बांका, मधुबनी, मुजफ्फरपुर, पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण एवं शिवहर जिले के हैं। अधिसंख्य आवेदन रद्द होने का कारण यह है कि डीजल पंप सेट से सिंचाई का फोटो अपलोड नहीं कर पाए।


मालुम हो कि, धान की फसल को बचाने के लिए सिंचाई पर राज्य सरकार ने डीजल अनुदान का प्राविधान किया था, लेकिन कृषि समन्वयकों की ओर से अंतिम तिथि तक कुल एक लाख 73 हजार आवेदन रद्द किए गए।


वहीं, अनुमंडल कृषि पदाधिकारी ने 26934 एवं जिला कृषि पदाधिकारियों ने 2697 किसानों के आवेदन रद्द दिए। शिवहर जिले में आवेदन स्वीकृत कम और रद्द ज्यादा कर दिया गया।


कृषि विभाग की ओर से किसानों को अनुदान देने के लिए 75 रुपये प्रति लीटर के हिसाब से प्रति एकड़ 750 रुपये प्रति एकड़ अनुदान का प्रविधान किया गया था। अनुदान लाभ कृषि विभाग के डीबीटी पोर्टल पर आनलाइन पंजीकृत किसानों को मिलना था।


रैयत एवं गैर रैयत (बटाईदार) दोनों तरह के किसान योजना का लाभ प्राप्त कर सकते थे। पंचायत क्षेत्र के किसानों के अलावा नगर निकाय क्षेत्र के किसानों के लिए भी अनुदान देने की घोषणा की गई थी।