ब्रेकिंग
बिहार में उच्च शिक्षा की खुली पोल: NIRF रैंकिंग में निराशाजनक प्रदर्शन, Top 100 में एक भी विश्वविद्यालय नहींइंटरनेशनल फेक करेंसी गैंग का सरगना बिहार से अरेस्ट, STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट पर एक्शनपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरीबिहार में उच्च शिक्षा की खुली पोल: NIRF रैंकिंग में निराशाजनक प्रदर्शन, Top 100 में एक भी विश्वविद्यालय नहींइंटरनेशनल फेक करेंसी गैंग का सरगना बिहार से अरेस्ट, STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट पर एक्शनपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरी

मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा होगा विधायक और MLC का फंड, सीएम नीतीश का बड़ा फैसला

PATNA : इस वक्त एक बड़ी खबर सामने आ रही है पटना से जहां कोरोना से लड़ाई के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक बड़ा फैसला लिया है. विधायक और विधान पार्षद के एक्छिक फंड की राशि को स

FirstBihar
First Bihar
2 मिनट

PATNA : इस वक्त एक बड़ी खबर सामने आ रही है पटना से जहां कोरोना से लड़ाई के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक बड़ा फैसला लिया है. विधायक और विधान पार्षद के एक्छिक फंड की राशि को सीएम ने मुख्यमंत्री राहत कोष में डाइवर्ट करने का बड़ा निर्णय लिया है. बिहार सरकार लगातार कई बड़े फैसले ले रही है. कोरोना संक्रमितों की संख्या सूबे में अब 9 हो गई है. स्वास्थ्य विभाग लगातार लोगों की स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए काम कर रही है. 


पटना में योजना विकास विभाग के अधिकारियों के साथ हुई इस बैठक में सीएम नीतीश ने यह बड़ा फैसला लिया है. विधायक और विधान पार्षद के एक्छिक फंड की राशि से 50 लाख रुपये सीएम ने मुख्यमंत्री राहत कोष में डाइवर्ट करने का बड़ा निर्णय लिया है.   मुख्यमंत्री राहत कोष से गुरुवार को बिहार सरकार ने ₹100 करोड़ की राशि जारी करने की घोषणा की. इस राशि का उपयोग लॉकडाउन के कारण बिहार में फंसे मजदूर, रिक्शा चालक, ठेला वेंडर एवं अन्य गरीबों के लिए आपदा राहत केंद्र बनाने में किए जाएंगे.


इन आपदा राहत केंद्रों में ऐसे गरीब लोगों की भोजन और आवास की व्यवस्था की जाएगी साथ ही वहां उनके स्वास्थ्य जांच की भी सुविधा होगी. इसके साथ ही वैसे लोग जो बिहार के बाहर फंसे हुए हैं या रास्ते में है उन्हें स्थानीय आयुक्त के माध्यम से संबंधित राज्य सरकार एवं स्थानीय प्रशासन से समन्वय कर वहीं पर भोजन एवं आवास की व्यवस्था बिहार सरकार के खर्चे पर भी की जा रही है.

टैग्स