ब्रेकिंग
शपथ ग्रहण से पहले पूर्व सीएम नीतीश कुमार पर रोहिणी आचार्य का तीखा तंज, बीजेपी को भी घेराबिहार कैबिनेट विस्तार: कौन हैं डॉ. श्वेता गुप्ता? जो पहली बार बनने जा रही हैं मंत्री, कई नए चेहरों को मौकाकैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनाबिहार में AI मिशन को मंजूरी: माननीय से अधिकारी तक पढ़ेंगे AI का पाठ, कैबिनेट के 20 फैसलेबिहार कैबिनेट विस्तार से पहले हलचल तेज: अमित शाह और नितिन नबीन पटना पहुंचे, मंत्रियों की लिस्ट होगी फाइनलशपथ ग्रहण से पहले पूर्व सीएम नीतीश कुमार पर रोहिणी आचार्य का तीखा तंज, बीजेपी को भी घेराबिहार कैबिनेट विस्तार: कौन हैं डॉ. श्वेता गुप्ता? जो पहली बार बनने जा रही हैं मंत्री, कई नए चेहरों को मौकाकैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनाबिहार में AI मिशन को मंजूरी: माननीय से अधिकारी तक पढ़ेंगे AI का पाठ, कैबिनेट के 20 फैसलेबिहार कैबिनेट विस्तार से पहले हलचल तेज: अमित शाह और नितिन नबीन पटना पहुंचे, मंत्रियों की लिस्ट होगी फाइनल

CM Nitish On Border: भारत-पाक तनाव के बीच बॉर्डर पर चले CM नीतीश कुमार, सीमावर्ती इलाकों की सुरक्षा पर होगी हाई लेवल मीटिंग

CM Nitish On Border: भारत-पाक तनाव के बीच बिहार के CM नीतीश कुमार पूर्णिया की ओर प्रस्थान कर चुके हैं, करेंगे हाई लेवल मीटिंग। सीमावर्ती इलाकों की सुरक्षा पर चर्चा के साथ अधिकारियों को भी देंगे निर्देश।

CM Nitish On Border
CM नीतीश कुमार
© Google
Deepak Kumar
Deepak Kumar
3 मिनट

CM Nitish On Border: भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव, खासकर ऑपरेशन सिंदूर और 10 मई 2025 को दिल्ली पर नाकाम फतह-2 मिसाइल हमले के बाद, बिहार सरकार हाई अलर्ट पर है। इस संकट के बीच, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार 10 मई को पटना से पूर्णिया रवाना हो गए हैं, जहां वे सीमावर्ती इलाकों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के लिए एक उच्च स्तरीय बैठक करेंगे। पूर्णिया, जो नेपाल सीमा के करीब है और सीमांचल का हिस्सा है, रणनीतिक रूप से संवेदनशील है। बैठक में मुख्यमंत्री सुरक्षा स्थिति का जायजा लेंगे, अधिकारियों से फीडबैक लेंगे और कड़े निर्देश जारी करेंगे।


नीतीश कुमार की यह बैठक बिहार के सात नेपाल सीमा से सटे जिलों सुपौल, अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, कटिहार, मधेपुरा और सहरसा पर केंद्रित होगी, जो 729 किलोमीटर लंबी खुली सीमा के कारण सुरक्षा चुनौतियों का सामना करते हैं। बैठक में मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा, पुलिस महानिदेशक विनय कुमार, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार और सभी सीमावर्ती जिलों के जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक भी शामिल होंगे। सूत्रों के अनुसार, नीतीश कुमार सीमांचल में सघन गश्ती, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर और महत्वपूर्ण संस्थानों की सुरक्षा बढ़ाने पर जोर देंगे। इससे पहले 8 मई को नीतीश ने पटना में एक हाई लेवल मीटिंग की थी, जिसमें सभी प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गईं।


बताते चलें कि भारत-पाक तनाव का असर बिहार में भी दिख रहा है। ऑपरेशन सिंदूर के तहत 7 मई को भारत ने PoK और पाकिस्तान में नौ आतंकी ठिकानों को नष्ट किया, जिसके बाद पाकिस्तान ने ड्रोन और मिसाइल हमले शुरू किए। बिहार में रेड अलर्ट जारी है, और पुलिस व SSB भारत-नेपाल सीमा पर कड़ी निगरानी कर रहे हैं। पूर्णिया की बैठक में नीतीश सोशल मीडिया पर फर्जी खबरों और अफवाहों को रोकने के लिए भी सख्त निर्देश देंगे, जैसा कि उन्होंने 8 मई की बैठक में कहा था। 


इधर बिहार BJP अध्यक्ष दिलीप जायसवाल के हवाले से कहा गया है कि “पूर्णिया संवेदनशील इलाका है, केंद्र और राज्य सरकार युद्ध की हर स्थिति से निपटने को तैयार है।” ऐसे में यह बैठक राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर शांति बनाए रखने के लिए अहम है। बताते चलें कि युद्ध की स्थिति को देखते हुए बिहार पुलिस ने भी हवाई अड्डों, रेलवे स्टेशनों और धार्मिक स्थलों पर निगरानी बढ़ा दी है।

संबंधित खबरें