Bihar News: बिहार पुलिस की गश्ती व्यवस्था में जल्द बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। अब अपराधियों का पीछा करने और सड़कों पर पेट्रोल से चलने वाली बाइक के बजाय इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल का इस्तेमाल किया जाएगा। बिहार पुलिस ने इसके लिए 1,100 इलेक्ट्रिक बाइक का बड़ा ऑर्डर दिया है। देश की प्रमुख इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर कंपनियों में शामिल Revolt Motors को ये बाइक सप्लाई करने की जिम्मेदारी मिली है।
कंपनी के मुताबिक, इस ऑर्डर के तहत बिहार पुलिस को Revolt RV BlazeX इलेक्ट्रिक बाइक उपलब्ध कराई जाएगी। कंपनी ने नवंबर 2026 तक सभी बाइक्स की डिलीवरी पूरी करने का लक्ष्य रखा है। हालांकि, कॉन्ट्रैक्ट के अनुसार डिलीवरी पूरी करने की अंतिम समयसीमा जनवरी 2027 तय की गई है।
कंपनी के लिए भी यह ऑर्डर काफी अहम माना जा रहा है। अब तक कंपनी की इलेक्ट्रिक बाइक्स का इस्तेमाल मुख्य रूप से निजी वाहनों के रूप में होता रहा है। लेकिन बिहार पुलिस से मिले इस बड़े ऑर्डर के बाद सरकारी विभागों और संस्थानों में भी कंपनी की पहुंच बढ़ने की उम्मीद है।
Revolt RV BlazeX की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 1,27,990 रुपये है। इस इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल को खास तौर पर रोजाना इस्तेमाल को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है। इसमें 150 किलोमीटर तक की IDC रेंज मिलती है। इसके अलावा रिमूवेबल बैटरी, GPS ट्रैकिंग और फास्ट चार्जिंग जैसे फीचर्स भी दिए गए हैं।
इस बाइक की एक खासियत यह है कि इसे चार्ज करने के लिए किसी विशेष चार्जिंग स्टेशन की जरूरत नहीं होती। इसकी बैटरी को सामान्य घरेलू 3-पिन सॉकेट से भी चार्ज किया जा सकता है। ऐसे में पुलिसकर्मियों के लिए इसे चार्ज करना अपेक्षाकृत आसान हो सकता है।
Revolt RV BlazeX में 3.24 kWh क्षमता वाला निकेल मैंगनीज कोबाल्ट (NMC) लिथियम-आयन बैटरी पैक दिया गया है। यह बैटरी IP67 रेटिंग के साथ आती है। इसकी खास बात यह है कि बैटरी को बाइक से निकालकर अलग से भी चार्ज किया जा सकता है। वहीं, मोटर की बात करें तो इसमें मिड-ड्राइव पर्मानेंट मैग्नेट सिंक्रोनस मोटर (PMSM) दी गई है, जो 4.1 kW की पीक पावर जनरेट करती है। बाइक में चेन ड्राइव सिस्टम भी मिलता है।
बिहार पुलिस की फ्लीट में 1,100 इलेक्ट्रिक बाइक शामिल होने के बाद पुलिस की गश्ती व्यवस्था में बदलाव आने की उम्मीद है। अब देखना होगा कि शहरी और ग्रामीण इलाकों में इन इलेक्ट्रिक बाइक्स का इस्तेमाल किस तरह किया जाता है और पुलिस की पेट्रोलिंग व्यवस्था कितनी प्रभावी बनती है।




