ब्रेकिंग
नेपाल में भारी बारिश से बिहार में बाढ़ का खतरा मंडराया, उफान पर महानंदा और कोसी; इंजीनियरों की छुट्टियां रद्दबिहार में सनसनीखेज वारदात: इंजीनियरिंग के छात्र ने प्रेमिका के भाई की ले ली जान, हत्या की साजिश में AI का इस्तेमालपटना में गंगा स्नान के दौरान दर्दनाक हादसा, तीन बच्चों की डूबने से मौतअगर अपराधी सरेंडर करता है, तो क्या उसे गोली मार दी जाएगी? भरत तिवारी एनकाउंटर पर घमासान के बीच नीतीश कुमार का पुराना बयान वायरलBihar News: बिहार में मकान बनाने वालों के लिए बड़ी खबर! नए नियम लागू, कमरा-रसोई से लेकर शौचालय तक बदल गए मानकनेपाल में भारी बारिश से बिहार में बाढ़ का खतरा मंडराया, उफान पर महानंदा और कोसी; इंजीनियरों की छुट्टियां रद्दबिहार में सनसनीखेज वारदात: इंजीनियरिंग के छात्र ने प्रेमिका के भाई की ले ली जान, हत्या की साजिश में AI का इस्तेमालपटना में गंगा स्नान के दौरान दर्दनाक हादसा, तीन बच्चों की डूबने से मौतअगर अपराधी सरेंडर करता है, तो क्या उसे गोली मार दी जाएगी? भरत तिवारी एनकाउंटर पर घमासान के बीच नीतीश कुमार का पुराना बयान वायरलBihar News: बिहार में मकान बनाने वालों के लिए बड़ी खबर! नए नियम लागू, कमरा-रसोई से लेकर शौचालय तक बदल गए मानक

Bihar News: बिहार में मॉब लिंचिंग की घटनाओं पर अल्पसंख्यक आयोग सख्त, मुख्य सचिव और DGP से मांगा जवाब

Bihar News: बिहार राज्य अल्पसंख्यक आयोग ने मॉब लिंचिंग की बढ़ती घटनाओं पर सख्त संज्ञान लिया, अधिकारियों को तत्काल FIR दर्ज करने और पीड़ितों को राहत देने के निर्देश दिए।

Bihar News
© Google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar News: बिहार में मॉब लिंचिंग और धार्मिक आधार पर हिंसा की बढ़ती घटनाओं पर बिहार राज्य अल्पसंख्यक आयोग ने सख्त संज्ञान लिया है। आयोग के अध्यक्ष मौलाना गुलाम रसूल बलियावी ने मुख्य सचिव और बिहार पुलिस के डीजीपी को पत्र लिखकर कई अहम मांगें की हैं।


आयोग ने अफवाहों और धार्मिक पहचान के आधार पर लोगों को “बांग्लादेशी” बताकर हिंसा की घटनाओं पर गंभीर चिंता जताई। पत्र में नालंदा, मुजफ्फरपुर, सुपौल और मधुबनी में हुई मॉब लिंचिंग और हमलों का उल्लेख किया गया है।


आयोग ने हर जिले में वरिष्ठ पुलिस अधिकारी को नोडल अफसर नियुक्त करने का निर्देश दिया है। इसके अलावा, मॉब लिंचिंग की सूचना मिलने पर तत्काल FIR दर्ज करने और सख्त कार्रवाई करने, पीड़ितों और उनके परिवार को तुरंत राहत व मुआवजा देने पर जोर दिया गया है।


पत्र में 2018 के सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का कड़ाई से पालन करने की मांग भी की गई है। साथ ही, लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। आयोग ने राज्य सरकार से इस संबंध में की गई कार्रवाई की रिपोर्ट आयोग को सौंपने का भी आग्रह किया है।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता