ब्रेकिंग
जेल जाएगा या बाहर रहेगा फैजल खान :आज होगा फैसला, बॉडीगार्ड्स की बेल पर भी होगी सुनवाई Bihar News: तेजप्रताप यादव ने खान को कहा था- तुम्हारा दिमाग खिसका हुआ है: रौशन आनंद का समर्थन, फैसल खान को भारी फर्जी बतायाBihar News: भोजपुर में कथित पुलिस एनकाउंटर: भरत तिवारी के पिता-भाई पर भी मुकदमा, BJP नेताओं के विरोध का कोई असर नहींBihar land: बिहार में जमीन की कीमत तय करने का नया नियम, हर तीन साल में होगा भूमि सर्वे, जानें क्या बदलेगाBihar News: नीट परीक्षा में नहीं होगी परेशानी, इन छात्रों को दवा-फल ले जाने की मिली अनुमति; इस समय तक पहुंचें सेंटरजेल जाएगा या बाहर रहेगा फैजल खान :आज होगा फैसला, बॉडीगार्ड्स की बेल पर भी होगी सुनवाई Bihar News: तेजप्रताप यादव ने खान को कहा था- तुम्हारा दिमाग खिसका हुआ है: रौशन आनंद का समर्थन, फैसल खान को भारी फर्जी बतायाBihar News: भोजपुर में कथित पुलिस एनकाउंटर: भरत तिवारी के पिता-भाई पर भी मुकदमा, BJP नेताओं के विरोध का कोई असर नहींBihar land: बिहार में जमीन की कीमत तय करने का नया नियम, हर तीन साल में होगा भूमि सर्वे, जानें क्या बदलेगाBihar News: नीट परीक्षा में नहीं होगी परेशानी, इन छात्रों को दवा-फल ले जाने की मिली अनुमति; इस समय तक पहुंचें सेंटर

Bihar land : बिहार में जमीन रजिस्ट्री का बदला नियम, अब प्लॉट पर जाकर खिंचवानी होगी फोटो, जानें नई व्यवस्था

Bihar Land Registry New Rule 2026: बिहार में जमीन रजिस्ट्री से पहले खरीदार-विक्रेता को प्लॉट पर जाकर फोटो खिंचवानी होगी। जानें नई व्यवस्था।

Bihar land
Bihar land
© Ai photo
Tejpratap
Tejpratap
3 मिनट

Bihar Land Registry New Rule 2026: बिहार में जमीन की खरीद-बिक्री को सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए सरकार ने रजिस्ट्री प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है। अब जमीन की रजिस्ट्री कराने से पहले खरीदार, विक्रेता और निबंधन विभाग के अधिकारी को संबंधित भूखंड पर जाकर फोटो खिंचवानी होगी। बिना मौके की फोटो प्रक्रिया पूरी किए जमीन का निबंधन नहीं हो सकेगा।


राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की ओर से शुरू की गई यह व्यवस्था जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े और विवादों को रोकने के उद्देश्य से लागू की गई है। 


जमीन की पहचान होगी आसान

नई व्यवस्था के तहत रजिस्ट्री से पहले जमीन की वास्तविक स्थिति की जांच की जाएगी। खरीदार और विक्रेता दोनों को उस प्लॉट पर मौजूद रहना होगा। वहां निबंधन कार्यालय के अधिकृत कर्मचारी की मौजूदगी में फोटो ली जाएगी। इससे यह पुष्टि हो सकेगी कि जिस जमीन की बिक्री की जा रही है, वह वास्तव में वही भूखंड है जिसका विवरण दस्तावेजों में दर्ज है।


अधिकारियों का मानना है कि इस प्रक्रिया से फर्जी दस्तावेजों के आधार पर होने वाली रजिस्ट्री पर रोक लगेगी। साथ ही दूसरे की जमीन बेचने, गलत जानकारी देने और जमीन विवाद से जुड़े मामलों में भी कमी आएगी।


इधर, जमीन की खरीद-बिक्री काफी तेजी से बढ़ रही है। बढ़ती कीमतों और जमीन कारोबार में बढ़ती गतिविधियों को देखते हुए प्रशासन ने यहां फोटो आधारित निबंधन व्यवस्था लागू करने का फैसला लिया है।


तेजी से बढ़ रहे हैं जमीन के दाम

पिछले कुछ वर्षों में जमीन की कीमतों में काफी बढ़ोतरी हुई है। बाजार क्षेत्र में मुख्य सड़क और बाजार के आसपास जमीन की कीमत लाखों रुपये प्रति कट्ठा तक पहुंच चुकी है। वहीं सामान्य इलाकों में भी जमीन के रेट लगातार बढ़ रहे हैं।


शहरों के विस्तार, बेहतर सड़क संपर्क और व्यापारिक गतिविधियों के कारण इन क्षेत्रों में जमीन की मांग बढ़ी है। इसी वजह से जमीन खरीद-बिक्री में पारदर्शिता लाने के लिए प्रशासन ने यह कदम उठाया है।


फर्जीवाड़े पर लगेगी रोक

जमीन रजिस्ट्री में फर्जीवाड़े के कई मामले सामने आते रहे हैं। कई बार गलत व्यक्ति द्वारा जमीन बेचने, नकली कागजात तैयार करने या विवादित जमीन की बिक्री की शिकायतें मिलती हैं। नई फोटो व्यवस्था से ऐसे मामलों पर नियंत्रण लगाने में मदद मिलेगी।


निबंधन विभाग का मानना है कि मौके की फोटो रिकॉर्ड में रहने से भविष्य में किसी विवाद की स्थिति में जांच करना भी आसान होगा। इससे खरीदारों को भी अधिक सुरक्षा मिलेगी।


नई व्यवस्था से जहां आम लोगों को जमीन खरीदने में भरोसा मिलेगा, वहीं फर्जी तरीके से जमीन बेचने वालों पर भी शिकंजा कसने की उम्मीद है।