DESK: राज्य में आम लोगों को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग द्वारा खाद्य प्रतिष्ठानों के नियमित एवं औचक निरीक्षण, खाद्य नमूना संग्रहण एवं जांच की कार्रवाई लगातार जारी है। स्वास्थ्य सचिव-सह-खाद्य संरक्षा आयुक्त श्री कुमार रवि के निर्देश पर विभिन्न जिलों में होटल, रेस्टोरेंट, बेकरी, डेयरी, मसाला प्रतिष्ठान, खाद्य दुकानों एवं अन्य खाद्य कारोबार प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया जा रहा है।
इसी क्रम में विभिन्न जिलों में किए गए निरीक्षण के दौरान खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, प्रतिष्ठानों की स्वच्छता, खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुपालन, वैध लाइसेंस/पंजीकरण तथा खाद्य पदार्थों के उचित भंडारण की जांच की गई। कई जिलों में खाद्य पदार्थों के नमूने संग्रहित कर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। खाद्य कारोबारियों को खाद्य सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए गए।
विभिन्न जिलों में खाद्य नमूनों का संग्रहण
खाद्य सुरक्षा अभियान के तहत विभिन्न जिलों में दूध एवं दुग्ध उत्पाद, मसाले एवं सॉस, अनाज एवं दाल, बेकरी उत्पाद, पेय पदार्थ एवं अन्य खाद्य श्रेणियों से नमूने संग्रहित किए गए हैं। संग्रहित नमूनों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत जांच के लिए संबंधित प्रयोगशालाओं में भेजा जा रहा है।
जिलावार प्रमुख कार्रवाई
पटना में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच हेतु औचक निरीक्षण एवं नमूना संग्रहण अभियान चलाया गया। इस दौरान खाद्य तेल एवं बिवरेज के नमूने प्रयोगशाला जांच हेतु संग्रहित किए गए। मिलावटी एवं संदेहास्पद खाद्य पदार्थों के प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई करते हुए नोटिस जारी किए गए तथा आवश्यक विधिक कार्रवाई की गई।
सीवान एवं गोपालगंज में 18 एवं 19 सितंबर 2026 के दौरान खाद्य नमूने संग्रहित किए गए। नमूनों को जांच के लिए संयुक्त खाद्य एवं औषधि प्रयोगशाला, अगमकुआँ, पटना भेजा गया। खाद्य प्रतिष्ठानों को साफ-सफाई, व्यक्तिगत स्वच्छता एवं खाद्य सुरक्षा मानकों का पूर्ण पालन करने के निर्देश दिए गए।
पूर्वी चंपारण में दूध एवं दुग्ध उत्पाद श्रेणी के नमूने संग्रहित किए गए। इनमें Amul Kool एवं Amul Chocolat शामिल हैं। संबंधित वेंडर को परिसर की साफ-सफाई बनाए रखने, खाद्य पदार्थों की 'बेस्ट बिफोर' तिथि की जांच करने तथा FIFO/FEFO प्रणाली का पालन करने के निर्देश दिए गए। लोक शिकायत से संबंधित मामलों में निर्धारित समयावधि में जांच रिपोर्ट सक्षम प्राधिकार के समक्ष प्रस्तुत करने की कार्रवाई की गई।
नालंदा में खाद्य नमूने संग्रहित किए गए। इनमें टरमेरिक पाउडर , मूंग तथा बिस्कुट का नमूना शामिल है। प्रतिष्ठानों को FSSAI लाइसेंस/पंजीकरण मुख्य द्वार पर प्रमुखता से प्रदर्शित करने, जहां आवश्यक हो नया लाइसेंस/पंजीकरण प्राप्त करने, FIFO प्रणाली अपनाने तथा खाद्य पदार्थों को ढककर सुरक्षित रखने के निर्देश दिए गए।
अरवल में 18 एवं 19 सितंबर 2026 के दौरान खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। इस दौरान पेय पदार्थ/बेवरेज श्रेणी के खाद्य नमूने संग्रहित किए गए। नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजने की कार्रवाई की गई तथा संबंधित प्रतिष्ठानों की ऑनलाइन निरीक्षण प्रक्रिया पूरी की गई।
बेगूसराय में विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। दूध एवं दुग्ध उत्पाद तथा अन्य श्रेणियों से नमूने संग्रहित किए गए। प्रतिष्ठानों को साफ-सफाई, खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं विधिक मानकों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
गया में टिकारी अनुमंडल सहित विभिन्न क्षेत्रों में खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। मशरूम उत्पादन इकाई की प्री-रजिस्ट्रेशन जांच की गई। नियमानुसार पंजीकरण के लिए पात्र नहीं पाई गई इकाइयों को आवश्यक खाद्य सुरक्षा लाइसेंस प्राप्त करने के निर्देश दिए गए।
कटिहार में विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। पावर हाउस रोड, बिनोदपुर स्थित हरिहर बेकरी का भी निरीक्षण किया गया। इसके अतिरिक्त सी.जे.एम. साहिब/कोर्ट के पास स्थित सरिता आहारा एवं तेल मिल का निरीक्षण किया गया। प्रतिष्ठानों को हाइजीन एवं सैनिटेशन बनाए रखने तथा FIFO नियमों का पालन करने के निर्देश दिए गए।
खाद्य सुरक्षा मानकों के पालन पर विशेष जोर
स्वास्थ्य विभाग ने सभी खाद्य कारोबारकर्ताओं को निर्देश दिया है कि वे अपने प्रतिष्ठानों पर FSSAI का वैध लाइसेंस/पंजीकरण प्रमुखता से प्रदर्शित करें। खाद्य पदार्थों के भंडारण एवं बिक्री में FIFO/FEFO प्रणाली का पालन करें तथा खाद्य पदार्थों को सुरक्षित एवं स्वच्छ तरीके से रखें।
विभाग द्वारा खाद्य कारोबारियों को यह भी निर्देश दिया गया है कि परिसर की नियमित साफ-सफाई, व्यक्तिगत स्वच्छता, खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं निर्धारित मानकों का अनिवार्य रूप से पालन सुनिश्चित करें।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण निदेशालय द्वारा स्पष्ट किया गया है कि खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन, बिना आवश्यक लाइसेंस/पंजीकरण के खाद्य कारोबार तथा अस्वच्छ परिस्थितियों में खाद्य पदार्थों के निर्माण या बिक्री के मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
राज्य में आम लोगों के स्वास्थ्य एवं खाद्य सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए औचक निरीक्षण, नमूना संग्रहण एवं प्रवर्तन कार्रवाई का अभियान आगे भी पूरी सख्ती के साथ जारी रहेगा।




