1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mon, 09 Feb 2026 09:19:52 AM IST
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Four Lane Bridge Construction : पटना और नालंदा जिले के लाखों लोगों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। वर्षों से जिस फोरलेन पुल का इंतजार लोग कर रहे थे, वह अब धीरे-धीरे साकार होता नजर आ रहा है। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के ड्रीम प्रोजेक्ट बख्तियारपुर से ताजपुर तक बनने वाली फोरलेन सड़क के बीच गंगा नदी पर बन रहा पुल अब तेजी से आकार ले रहा है। लंबे समय से इस पुल के निर्माण को लेकर लोगों के मन में कई सवाल थे, लेकिन अब निर्माण कार्य में आई तेजी ने लोगों की उम्मीदें बढ़ा दी हैं।
यह पुल पटना जिला सीमा से करीब 200 मीटर पहले और समस्तीपुर जिले के मटियौर इलाके के पास बनाया जा रहा है। ग्राउंड रिपोर्ट के दौरान यह साफ तौर पर देखा गया कि गंगा नदी के समस्तीपुर वाले हिस्से में निर्माण कार्य तेज गति से चल रहा है। मौके पर चार पिलरों पर स्लैब डालने का काम शुरू हो चुका है, जबकि अन्य पिलरों का निर्माण पहले ही पूरा कर लिया गया है। भारी मशीनों और आधुनिक तकनीक की मदद से मजदूर दिन-रात काम में जुटे हुए हैं, जिससे परियोजना को जल्द पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है।
स्थानीय लोगों के अनुसार यह पुल कई वर्षों से अधूरा पड़ा हुआ था। एक समय ऐसा भी आया जब निर्माण कार्य पूरी तरह बंद हो गया था, जिससे क्षेत्र के लोगों में काफी निराशा फैल गई थी। लेकिन अब दोबारा निर्माण कार्य शुरू होने से लोगों के बीच उम्मीद की किरण जगी है। निर्माण एजेंसी का कहना है कि परियोजना को युद्ध स्तर पर पूरा किया जा रहा है और तय समय सीमा के अंदर पुल को तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। वर्तमान स्थिति में तीन पिलरों के बीच स्लैब चढ़ाने का काम पूरा हो चुका है, जबकि बाकी हिस्सों में भी तेजी से निर्माण कार्य आगे बढ़ रहा है।
बख्तियारपुर-मटियोरी गंगा पुल के बन जाने से पटना, नालंदा और समस्तीपुर जिले के लोगों को आवागमन में काफी सुविधा मिलेगी। अभी लोगों को एक जिले से दूसरे जिले में जाने के लिए लंबा रास्ता तय करना पड़ता है, जिससे समय और खर्च दोनों बढ़ जाते हैं। पुल के चालू होने के बाद यह दूरी काफी कम हो जाएगी और घंटों का सफर मिनटों में पूरा किया जा सकेगा।
इस पुल के बनने से केवल आवागमन ही आसान नहीं होगा, बल्कि व्यापार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को भी नई गति मिलेगी। व्यापारियों को माल ढुलाई में सहूलियत होगी, वहीं छात्रों और मरीजों को भी कम समय में गंतव्य तक पहुंचने में मदद मिलेगी। साथ ही क्षेत्रीय विकास को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
सरकार और निर्माण एजेंसी दोनों इस परियोजना को जल्द पूरा करने के लिए लगातार प्रयासरत हैं। अगर निर्माण कार्य इसी गति से चलता रहा, तो आने वाले समय में यह पुल उत्तर और मध्य बिहार के बीच कनेक्टिविटी को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएगा। फिलहाल क्षेत्र के लोग इस परियोजना के जल्द पूरा होने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।