PATNA: पटना के हाथीदह थाना क्षेत्र में रविवार को एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। गंगा नदी में करीब 100 किलोमीटर बहने के बाद एक व्यक्ति बच निकला। ग्रामीणों और पुलिस की मदद से नाव के माध्यम से उसे सकुशल गंगा नदी से निकाला गया। जिसकी पहचान रामसेवक सहनी के रूप में हुई है, जो मोतिहारी जिले के पकड़ीदयाल प्रखंड स्थित बरदाहा गांव का रहने वाला है।
रामसेवक बेंगलुरु से पटना लौटा था। पटना पहुंचने के बाद उसने गंगा नदी में छलांग लगा दी। जिसके बाद वो 100 किलोमीटर बहकर हाथीदह पहुंच गये। इस बात की जानकारी मिलने पर हाथीदह थानाध्यक्ष और एएसआई अफसर अंसारी ने स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों के साथ मिलकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। नाव की मदद से बीच गंगा में पहुंचकर रामसेवक को बाहर निकाला गया। जब उसे बाहर लाया गया तो वह निर्वस्त्र था। उसने बताया कि वह कई दिनों से भूखा है।
स्थानीय मुखिया शशि शंकर शर्मा ने उसे कपड़े दिए और भोजन कराया। इसके बाद रामसेवक को हाथीदह थाना पुलिस को सौंप दिया गया। पूछताछ के दौरान वह मानसिक रूप से अस्वस्थ दिख रहा था। पुलिस अब उसके परिजनों से संपर्क करने का प्रयास कर रही है। रामसेवक ने बताया कि उसके दो बेटे हैं एक का नाम धर्मवीर और दूसरे का छोटेलाल है। उससे पूछा गया कि उसने गंगा नदी में छलांग क्यों लगाई तो जवाब नहीं दिया। पुलिस ने कहा कि प्राथमिक जांच में मामला मानसिक तनाव का प्रतीत हो रहा है। इस रेस्क्यू ऑपरेशन में स्थानीय ग्रामीणों की भूमिका अहम रही, जिन्होंने समय पर नाव की व्यवस्था कर पुलिस के साथ मिलकर उसकी जान बचाई।





