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बिहार में प्रशासनिक सुधार की तैयारी: बदलेगी 47 साल पुरानी नियमावली, जल्द बदल सकते हैं सरकारी कामकाज के तौर-तरीके

Bihar News: बिहार में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में 47 साल पुरानी नियमावली को बदलकर नई कार्यपालिका नियमावली 2026 लागू करने की तैयारी शुरू कर दी गई है. जल्द ही राज्य में सरकारी कामकाज के तौर-तरीके बदल सकते हैं.

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बिहार में बड़े बदलाव की तैयारी
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Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar News: बिहार में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की नई सरकार, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में प्रशासनिक व्यवस्था में बड़े बदलाव की दिशा में आगे बढ़ रही है। राज्य में भारतीय जनता पार्टी के पहले मुख्यमंत्री के तौर पर सम्राट चौधरी की अगुवाई में सरकार 47 साल पुरानी नियमावली को बदलकर कार्यपालिका नियमावली 2026 तैयार कर रही है, जिससे सरकारी कामकाज के तौर-तरीकों में व्यापक बदलाव संभव है।


सरकार का मानना है कि दशकों पुरानी नियमावली को वर्तमान समय के अनुसार अपडेट करने से प्रशासनिक व्यवस्था अधिक प्रभावी और आधुनिक बनेगी। नई नियमावली के जरिए इसे अत्याधुनिक रूप दिया जाएगा, ताकि बदलती जरूरतों के अनुरूप सरकारी मशीनरी बेहतर ढंग से काम कर सके।


इस नई पहल के तहत 1979 की पुरानी नियमावली को पूरी तरह अपडेट किया जा रहा है। इसका उद्देश्य वर्तमान जरूरतों के मुताबिक नए कार्यों और जिम्मेदारियों को शामिल करना और उसी के अनुरूप नई कार्यप्रणाली विकसित करना है। हालांकि, पुरानी नियमावली में समय-समय पर संशोधन होते रहे हैं, लेकिन अब व्यापक बदलाव की जरूरत महसूस की गई है।


मंगलवार को मंत्रिमंडल सचिवालय ने इस संबंध में सभी विभागों को निर्देश जारी कर दिए हैं। विभागों के प्रमुखों को अपने-अपने कार्यों की गहन समीक्षा करने को कहा गया है। साथ ही ऐसे कार्यों की पहचान करने के निर्देश दिए गए हैं, जो अब अप्रासंगिक हो चुके हैं या जिनकी आवश्यकता समाप्त हो गई है, ताकि उन्हें नई नियमावली से हटाया जा सके।


इसके अलावा, वर्तमान में विभिन्न विभागों द्वारा निभाई जा रही योजनाओं, कार्यों और जिम्मेदारियों को भी नई नियमावली में समाहित करने की तैयारी की जा रही है, जिससे प्रशासनिक ढांचे को अधिक सुव्यवस्थित और प्रभावी बनाया जा सके।

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Mukesh Srivastava

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

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