1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sun, 22 Feb 2026 10:49:34 AM IST
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Nawada Road Accident : बिहार के नवादा जिले में रविवार को शादी की खुशियां उस वक्त मातम में बदल गईं, जब तिलक समारोह में शामिल होने जा रहे तीन लोगों की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। यह भीषण दुर्घटना नवादा जिले के कटघर गांव के समीप हुई। हादसे की खबर मिलते ही दोनों परिवारों में कोहराम मच गया और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
मिली जानकारी के अनुसार, गया जिले के रिवाला गांव निवासी तीन लोग नवादा जिले के अकबरपुर प्रखंड के मोहगाय गांव में तिलक चढ़ाने के लिए जा रहे थे। सभी एक ही बाइक पर सवार थे और समारोह में शामिल होने की खुशी में घर से निकले थे। लेकिन रास्ते में ही तेज रफ्तार उनकी जिंदगी पर भारी पड़ गई।
बताया जा रहा है कि जैसे ही उनकी बाइक कटघर गांव के पास पहुंची, अचानक अनियंत्रित होकर एक बिजली के पोल से जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक के परखच्चे उड़ गए। हादसा इतना भयावह था कि तीनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद सीतामढ़ी थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लिया।
मृतकों की पहचान रिवाला गांव निवासी सुनील चौधरी के पुत्र सोनू कुमार (20 वर्ष), विजय चौधरी के पुत्र प्रताप कुमार (20 वर्ष) और राजेश मांझी के पुत्र इंदल मांझी (42 वर्ष) के रूप में हुई है। सोनू कुमार और प्रताप कुमार आपस में चाचा-भतीजा बताए जा रहे हैं। इंदल मांझी भी उनके साथ तिलक समारोह में शामिल होने जा रहे थे। एक ही परिवार के दो युवकों की मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
घटना की सूचना मिलते ही मृतकों के परिजन और गांव के लोग बड़ी संख्या में घटनास्थल और बाद में अस्पताल पहुंचे। पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए नवादा सदर अस्पताल भेज दिया है। दुर्घटनाग्रस्त बाइक को भी जब्त कर लिया गया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
ग्रामीणों के अनुसार, सड़क पर तेज रफ्तार और असावधानी अक्सर हादसों का कारण बन रही है। एक ही बाइक पर तीन लोगों का सवार होना भी दुर्घटना की एक बड़ी वजह मानी जा रही है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सावधानी बरती जाती तो शायद यह हादसा टल सकता था।
इधर, जिस घर में तिलक की तैयारियां चल रही थीं, वहां अचानक मातम छा गया। शादी वाले परिवार के लोग इस दुखद घटना से गहरे सदमे में हैं। अब विवाह समारोह को लेकर भी संशय की स्थिति बनी हुई है। परिजन यह तय नहीं कर पा रहे हैं कि इस दुख की घड़ी में कार्यक्रम को कैसे आगे बढ़ाया जाए।
गांव में एक साथ तीन अर्थियां उठने की खबर से माहौल गमगीन हो गया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की मांग की है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी और तेज रफ्तार किस तरह खुशियों को पल भर में मातम में बदल देती है।