ब्रेकिंग
बिहार में 22 डीएसपी का तबादला, गृह विभाग ने जारी की नई ट्रांसफर लिस्ट, देखिये पूरी सूचीपटना की बहादुरपुर आवास बोर्ड कॉलोनी बनेगी हाईटेक टाउनशिप: 18 मंजिला टावरों के साथ मिलेंगी आधुनिक सुविधाएंबिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था का हाल देखिये, 3 दिन से लिफ्ट खराब, मरीजों को कंधे पर उठाकर वार्ड पहुंचाने की नौबतBihar Top News: बंटी हत्याकांड से लेकर बांकीपुर उपचुनाव तक, पढ़ें दिनभर की 10 बड़ी खबरेंबांकीपुर उपचुनाव: बीजेपी के स्टार प्रचारकों में मनोज तिवारी, पवन सिंह और मैथिली ठाकुर शामिल, 40 नामों की सूची जारीबिहार में 22 डीएसपी का तबादला, गृह विभाग ने जारी की नई ट्रांसफर लिस्ट, देखिये पूरी सूचीपटना की बहादुरपुर आवास बोर्ड कॉलोनी बनेगी हाईटेक टाउनशिप: 18 मंजिला टावरों के साथ मिलेंगी आधुनिक सुविधाएंबिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था का हाल देखिये, 3 दिन से लिफ्ट खराब, मरीजों को कंधे पर उठाकर वार्ड पहुंचाने की नौबतBihar Top News: बंटी हत्याकांड से लेकर बांकीपुर उपचुनाव तक, पढ़ें दिनभर की 10 बड़ी खबरेंबांकीपुर उपचुनाव: बीजेपी के स्टार प्रचारकों में मनोज तिवारी, पवन सिंह और मैथिली ठाकुर शामिल, 40 नामों की सूची जारी

सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा के खिलाफ कार्रवाई, पेट्रोल पंप को किया गया सील

मोतिहारी में सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे और लीज विवाद को लेकर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए नगर थाना के सामने स्थित भारत पेट्रोलियम पेट्रोल पंप को सील कर दिया। प्रशासन के अनुसार लाखों रुपये की बकाया राशि और नियमों की अनदेखी के कारण यह कदम उठाया गया

बिहार न्यूज
© रिपोर्टर
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

MOTIHARI: मोतिहारी नगर थाना क्षेत्र में सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। नगर थाना के सामने स्थित भारत पेट्रोलियम नामक पेट्रोल पंप को सील कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह कार्रवाई लंबे समय से लंबित लीज विवाद और बकाया राशि को लेकर की गई है। 


मिली जानकारी के अनुसार, उक्त जमीन वर्ष 1952 में मात्र 5 वर्षों की अवधि के लिए लीज पर आवंटित की गई थी। लीज की अवधि वर्ष 1957 में समाप्त हो गई थी, लेकिन इसके बाद न तो लीज का नवीनीकरण कराया गया और न ही निर्धारित किराया का नियमित भुगतान किया गया। इसके बावजूद संबंधित व्यक्ति द्वारा वर्षों तक उक्त सरकारी जमीन पर पेट्रोल पंप का संचालन जारी रखा गया, जो स्पष्ट रूप से नियमों का उल्लंघन है। 


प्रशासनिक अभिलेखों के अनुसार, 7 अप्रैल 2011 तक कुल बकाया राशि 44 लाख रुपये थी। इसके अतिरिक्त 50 प्रतिशत जुर्माना जोड़ने पर 22 लाख रुपये और जुड़ते हैं, जिससे कुल देनदारी 66 लाख रुपये हो गई थी। इसमें से 44 लाख रुपये जमा कर दिए गए थे, लेकिन 22 लाख रुपये जुर्माना राशि का भुगतान नहीं किया गया। साथ ही, वर्ष 2011 के बाद की लीज राशि भी अब तक जमा नहीं की गई है। 


प्रशासन द्वारा कई बार नोटिस जारी कर बकाया राशि जमा करने और लीज नवीनीकरण कराने का निर्देश दिया गया, लेकिन संबंधित पक्ष ने आदेशों का पालन नहीं किया। इसके बाद प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए पेट्रोल पंप को सील कर दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा या नियमों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आगे की कार्रवाई भी नियमों के तहत जारी रहेगी। इस कार्रवाई से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और अन्य अवैध कब्जाधारियों में भी चिंता देखी जा रही है।

मधुबनी से सोहराम आलम की रिपोर्ट 

टैग्स