SARAN: सारण जिले के दिघवारा प्रखंड क्षेत्र में गरखा से पट्टी शीतलपुर की ओर जाने वाली माही नदी का तटबंध टूटने से ग्रामीणों की परेशानी बढ़ गई है। मोहन कोठिया गांव के समीप स्थित सिमरहिया बांध रविवार की अहले सुबह अचानक टूट गया। इसके बाद आसपास के गांवों में तेजी से पानी फैलने लगा, जिससे ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई।
तटबंध टूटने की सूचना मिलते ही ग्रामीणों ने सांसद प्रतिनिधि सह भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य राकेश कुमार सिंह को जानकारी दी। उन्होंने तत्काल सारण जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव को पूरे मामले से अवगत कराया। सूचना मिलते ही प्रशासनिक स्तर पर राहत और बचाव की कार्रवाई शुरू कर दी गई।
डीएम वैभव श्रीवास्तव और एसएसपी रौशन कुमार ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया और तटबंध से हो रहे कटाव को रोकने के लिए तत्काल कटाव निरोधी कार्य शुरू कराया। प्रशासन की टीम द्वारा युद्धस्तर पर बचाव एवं राहत कार्य किए जा रहे हैं।
आठ गांवों पर पड़ा असर
तटबंध टूटने से मोहन कोठिया, घोरहो कोठिया, मुजौना, धर्मागत, जैतीपुर और रामपुर समेत आसपास के कई गांव प्रभावित हुए हैं। पानी फैलने से ग्रामीणों के आवागमन, खेती-बारी और दैनिक जीवन पर असर पड़ा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से प्रभावित इलाकों में जल्द राहत सामग्री उपलब्ध कराने और जलजमाव की समस्या से निजात दिलाने की मांग की है।
उपमुख्यमंत्री ने लिया जायजा
तटबंध टूटने के बाद चल रहे कटाव निरोधी कार्य का जायजा लेने उपमुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव भी मौके पर पहुंचे। उनके साथ गृह विभाग के प्रधान सचिव पंकज कुमार, सांसद प्रतिनिधि सह भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य राकेश कुमार सिंह और विधायक करिश्मा राय मौजूद रहीं।
उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों से प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति की जानकारी ली और राहत एवं बचाव कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि सरकार प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है और उन्हें हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
उन्होंने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों में जल्द से जल्द बचाव एवं राहत कार्य शुरू कराया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर सामुदायिक किचेन भी शुरू किया जाएगा, ताकि प्रभावित लोगों को भोजन की समस्या न हो। उन्होंने यह भी कहा कि आपदा से प्रभावित परिवारों को नियमानुसार मुआवजा दिया जाएगा।
डीएम बोले- जल्द नियंत्रित किया जाएगा कटाव
डीएम वैभव श्रीवास्तव ने बताया कि तटबंध टूटने की सूचना मिलते ही प्रशासनिक टीम को मौके पर भेज दिया गया था। कटाव रोकने के लिए आवश्यक कार्रवाई तत्काल शुरू कर दी गई है। उन्होंने कहा कि प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है। कटाव को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक संसाधन लगाए गए हैं और ग्रामीणों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है।
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रभावित गांवों में लगातार स्थिति का आकलन करें और जरूरत के अनुसार राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि प्रभावित ग्रामीणों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर राहत और बचाव कार्य को तेज कराया जा रहा है।
प्रशासन की ओर से प्रभावित गांवों में लगातार निगरानी की जा रही है। ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे नदी और टूटे हुए तटबंध के आसपास अनावश्यक रूप से न जाएं तथा किसी भी आपात स्थिति में तत्काल प्रशासन को सूचना दें।









