SUV Raid in Bihar: आय से अधिक संपत्ति के मामले में स्पेशल विजिलेंस यूनिट की टीम कटिहार की लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी श्वेता मिश्रा के ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। सुबह से ही यह छापेमारी चल रही है। इस बीच एक हैरान करने वाली बात सामने आई है। इस छापेमारी के दौरान बिहार सरकार के मंत्री की गाड़ी मौजूद रही। जब मीडिया की नजर मंत्री की स्कॉर्पिया पर पड़ी तो ड्राइवर गाड़ी लेकर वहां से फरार हो गया। अब सवाल उठ रहा है कि एसवीयू की छापेमारी में मंत्री की गाड़ी क्या कर रही थी।
दरअसल, दरअसल, राजस्व विभाग की पूर्व पदाधिकारी श्वेता मिश्रा के खिलाफ चल रही जांच के तहत उनके घर और कार्यालय पर तलाशी ली जा रही है। इससे पहले उन्हें आरा सदर की भूमि सुधार उपसमाहर्ता के पद से हटाकर कटिहार के मनिहारी अनुमंडल में लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी नियुक्त किया गया था। श्वेता मिश्रा पर रिश्वत मांगने और अनियमित कार्यप्रणाली जैसे गंभीर आरोप लगे हैं।
गुरुवार के एसवीयू की टीम कोर्ट के आदेश पर अभियुक्त के मनिहारी, कटिहार, पटना एवं प्रयागराज में उनके आवास और कार्यालय में तलाशी ले रही है। स्पेशल वेजिलेंस यूनिट की छापेमारी टीम के साथ एक नेम प्लेट ढकी गाड़ी भी थी, जिसपर बिहार के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री का बोर्ड लगा था। जब मीडियाकर्मियों ने गाड़ी से नेम प्लेट के कवर को हटाया तो ड्राइवर गाड़ी लेकर फरार हो गया।
मामला सामने आने के बाद आरजेडी के पूर्व शिक्षा राज्य मंत्री डा. राम प्रकाश महतो ने कहा कि रेड में पहुंचे अधिकारी अगर मंत्री की गाड़ी से रेड पर पहुंचते है तो इसपर सवाल उठता है, कही न कही सरकार के मंत्री और अधिकारी की संलिप्तता से इनकार नहीं किया जा सकता है। उधर, मंत्री ने इससे खुद को इनजाम बताया है और कहा है कि इसके बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है।





