Bihar News: बिहार के जमुई जिले के झाझा प्रखंड स्थित एक सरकारी स्कूल में शुक्रवार को ऐसा नजारा देखने को मिला, जो अब चर्चा का विषय बन गया है। बच्चों को अनुशासन व संस्कार सिखाने वाला विद्यालय कुछ देर के लिए रणक्षेत्र में बदल गया। मामला महज एक कुर्सी पर बैठने को लेकर शुरू हुआ, लेकिन देखते ही देखते दो शिक्षिकाओं के बीच कहासुनी मारपीट में बदल गई।
घटना झाझा प्रखंड की खुरंडा पंचायत स्थित प्राथमिक विद्यालय सलखोडीह की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह विद्यालय में शिक्षिका ऋतु कुमारी एक कुर्सी पर बैठकर नाश्ता कर रही थीं। इसी दौरान दूसरी शिक्षिका पूनम कुमारी वहां पहुंचीं और उसी कुर्सी पर बैठने को लेकर दोनों के बीच बहस शुरू हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, शुरुआत में दोनों के बीच केवल तू-तू, मैं-मैं हुई, लेकिन कुछ ही मिनटों में मामला इतना बढ़ गया कि दोनों एक-दूसरे से भिड़ गईं। स्कूल में मौजूद बच्चों और अन्य लोगों के सामने दोनों के बीच धक्का-मुक्की और हाथापाई होने लगी। इस दौरान जमकर लात-घूंसे भी चले। अचानक हुए इस हंगामे से स्कूल परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
मारपीट के दौरान शिक्षिका ऋतु कुमारी के दाहिने हाथ में चोट लगने की बात सामने आई है। घटना की खबर गांव में फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण विद्यालय पहुंच गए। देखते ही देखते स्कूल परिसर में भीड़ जमा हो गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
हंगामे की सूचना मिलने के बाद सिमुलतला थाना पुलिस मौके पर पहुंची। एसआई भिखारी ठाकुर और पंकज कुमार ने स्थिति को संभाला और दोनों शिक्षिकाओं को पूछताछ के लिए थाने ले जाया गया। हालांकि, इस दौरान कुछ ग्रामीणों ने पुलिस पर धक्का-मुक्की करने का आरोप भी लगाया, जिससे लोगों में नाराजगी देखने को मिली।
मामले को लेकर दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर आरोप लगाए हैं। शिक्षिका ऋतु कुमारी का कहना है कि विद्यालय के प्रभार को लेकर पूनम कुमारी पहले से ही उनसे नाराज चल रही थीं और इसी रंजिश में विवाद किया गया। वहीं विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक दीपू ठाकुर ने बताया कि दिसंबर 2025 में प्रभार मिलने के बाद से ही पूनम कुमारी लगातार विवाद कर रही थीं और इसकी शिकायत विभाग तक भी पहुंचाई गई थी।
इस मामले पर झाझा के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (BEO) महेंद्र सिंह ने घटना को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि विद्यालय शिक्षा का मंदिर होता है और शिक्षकों का दायित्व बच्चों का भविष्य संवारना है। ऐसे विवाद शिक्षा व्यवस्था की छवि खराब करते हैं।
वहीं सिमुलतला थानाध्यक्ष रूबी कुमारी ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच आपसी समझौता करा दिया गया है और फिलहाल मामला शांत है। हालांकि, इस घटना की चर्चा पूरे इलाके में हो रही।



