ब्रेकिंग
निगरानी के हत्थे चढ़ गया दारोगा, केस खत्म कराने के बदले ले रहा था 4 हजार रुपये घूस ‘भोजपुरी बवाल’ के मंच पर तेज प्रताप संग पहुंचे लालू , बोले-यहां आकर ‘मन खुश हो गया’तेजस्वी यादव ने सीएम सम्राट चौधरी को लिखा पत्र, TRE-4 में ‘One Candidate, One Result’ समेत 9 मांगें रखींबिहार में PHD धारकों के आंदोलन को मिली बड़ी सफलता, राज्यपाल से वार्ता के बाद अनशन खत्मसिस्टम पर सवाल: मौत के बाद भी नहीं मिली सरकारी मदद, कंधे पर शव लेकर गांव पहुंचे नाना-मामानिगरानी के हत्थे चढ़ गया दारोगा, केस खत्म कराने के बदले ले रहा था 4 हजार रुपये घूस ‘भोजपुरी बवाल’ के मंच पर तेज प्रताप संग पहुंचे लालू , बोले-यहां आकर ‘मन खुश हो गया’तेजस्वी यादव ने सीएम सम्राट चौधरी को लिखा पत्र, TRE-4 में ‘One Candidate, One Result’ समेत 9 मांगें रखींबिहार में PHD धारकों के आंदोलन को मिली बड़ी सफलता, राज्यपाल से वार्ता के बाद अनशन खत्मसिस्टम पर सवाल: मौत के बाद भी नहीं मिली सरकारी मदद, कंधे पर शव लेकर गांव पहुंचे नाना-मामा

‘जाति संप्रदाय से उठकर सोचेंगे तभी बिहार का विकास संभव’ दरभंगा में बोले IG विकास वैभव

DARBHANGA: दरभंगा में मिथिलांचल चेंबर ऑफ कॉमर्स इंडस्ट्री फेडरेशन के द्वारा कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में आईजी विकास वैभव शामिल हुए। यह कार्यक्रम छोटे उद

‘जाति संप्रदाय से उठकर सोचेंगे तभी बिहार का विकास संभव’ दरभंगा में बोले IG विकास वैभव
Mukesh Srivastava
2 मिनट

DARBHANGA: दरभंगा में मिथिलांचल चेंबर ऑफ कॉमर्स इंडस्ट्री फेडरेशन के द्वारा कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में आईजी विकास वैभव शामिल हुए। यह कार्यक्रम छोटे उद्यमी और जो नया स्टार्टअप शुरू करने वाले हैं उनके लिए रखा गया था।


कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विकास वैभव ने कहा कि बिहार विकसित तभी बनेगा, जब यहां के लोग जाति संप्रदाय से ऊपर उठकर यहां कैसे उद्योग लगे, कैसे उद्यमिता बढ़े इसके लिए चिंतन करें। मैं आश्वस्त करना चाहता हूं कि भले हमारी सामूहिक यात्रा दीर्घकालिक होगी परंतु साल 2047 तक विकसित भारत में एक ऐसे विकसित बिहार का निर्माण अवश्य करेगी। जिसमें शिक्षा, रोजगार अथवा स्वास्थ्य के लिए किसी को अन्यत्र न जाना पड़े।


शिक्षा, समता और उद्यमिता के लिए बिहार को जागरूक करने को लेकर आईपीएस अधिकारी ने कहा कि इस मुहिम का उद्देश्य अपने बिहार के गौरव के बारे में नई पीढ़ी को बताना है। उन्हें अपने क्षेत्र के गौरवशाली परंपरा को बताते हुए उसकी तरफ अग्रसर करना है। विकास वैभव ने कहा कि हमारे पूर्वजों ने जो प्राचीन इतिहास रचा था उसे आत्मसात करने की जरूरत है। कार्यक्रम में वैज्ञानिक डॉक्टर मनोज कुमार, चिंटू सिंह, आशीष झा समेत सैकड़ों लोग शामिल हुए।