ब्रेकिंग
बिहार में उच्च शिक्षा की खुली पोल: NIRF रैंकिंग में निराशाजनक प्रदर्शन, Top 100 में एक भी विश्वविद्यालय नहींइंटरनेशनल फेक करेंसी गैंग का सरगना बिहार से अरेस्ट, STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट पर एक्शनपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरीबिहार में उच्च शिक्षा की खुली पोल: NIRF रैंकिंग में निराशाजनक प्रदर्शन, Top 100 में एक भी विश्वविद्यालय नहींइंटरनेशनल फेक करेंसी गैंग का सरगना बिहार से अरेस्ट, STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट पर एक्शनपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरी

कोरोना संकट में नियोजित शिक्षकों की सुध नहीं ले रही सरकार, कांग्रेस अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र

PATNA : कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया को अपनी चपेट में ले रखा है. देश में तेजी के साथ कोरोना अपने पांव फैला रहा है. ऐसे में कोरोना वायरस से मुकाबले के लिए नीतीश सरकार ने गरीबों

FirstBihar
First Bihar
3 मिनट

PATNA : कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया को अपनी चपेट में ले रखा है. देश में तेजी के साथ कोरोना अपने पांव फैला रहा है. ऐसे में कोरोना वायरस से मुकाबले के लिए नीतीश सरकार ने गरीबों और जरूरतमंदों के लिए रुपए का खजाना खोल डाला है. सरकार की कई योजनाओं के तहत लोगों तक तुरंत फौरी राहत पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है. राहत पैकेज के तौर पर नीतीश सरकार में 100 करोड़ रुपए की राशि भी जारी कर दी है, लेकिन बिहार में सबसे बुरा हाल नियोजित शिक्षकों, वित्त रहित शिक्षकों, मदरसा और संस्कृत के शिक्षकों का है.


कोरोना वायरस के फैलने के पहले ही नियोजित शिक्षक बिहार में हड़ताल पर जा चुके थे. नीतीश सरकार के साथ उनकी ठनी हुई है, लेकिन एक तरफ जहां नीतीश सरकार सबों की चिंता करते हुए आर्थिक मदद दे रही है, तो वहीं शिक्षकों पर उसका दिल नहीं पसीजा है. इस मुद्दे को लेकर बिहार कांग्रेस के अध्यक्ष मदन मोहन झा ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को पत्र लिखा है.


सीएम नीतीश को लिखे अपने पत्र में मदन मोहन झा ने यह मांग की है कि देश में लॉक डाउन के बाद अन्य लोगों के साथ-साथ शिक्षक भी समस्याओं का सामना कर रहे हैं. उनका जीवन और परिवार प्रभावित हो रहा है. राज्य के नागरिक होने के कारण उनको देखना भी सरकार का ही दायित्व है. मदन मोहन झा ने कहा है कि मैं व्यक्तिगत रूप से जानता हूं कि वित्त रहित शिक्षकों, नियोजित शिक्षकों, मदरसा और संस्कृत के शिक्षकों को मासिक वेतन या अनुदान की राशि पिछले कई महीनों से लंबित है. शिक्षक जमात भुखमरी के कगार पर है. ऐसे में सरकार को इस पर उचित फैसला लेना चाहिए. मदन मोहन झा ने मुख्यमंत्री से अपील की है कि वह इस मामले पर मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए शिक्षकों को बकाया वेतन और अनुदान दिलाएं.



टैग्स