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Bihar Bandh Violence: सीवान में बवाल, पुलिस पर पथराव में SP घायल, आंसू गैस और लाठीचार्ज से मची भगदड़L 10 राउंड सीधी फायरिंग

NEET पेपर लीक और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर बुलाए गए बिहार बंद के दौरान सीवान में हिंसा भड़क गई। प्रदर्शनकारियों के पथराव में SP पूरन झा घायल हो गए। पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और हल्का लाठीचार्ज कर स्थिति को नियंत्रित किया

Bihar Bandh Violence: सीवान में बवाल, पुलिस पर पथराव में SP घायल, आंसू गैस और लाठीचार्ज से मची भगदड़L 10 राउंड सीधी फायरिंग
Tejpratap
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4 मिनट

सीवान: नीट पेपर लीक, केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और छात्र आंदोलन के दौरान हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में शनिवार को बुलाया गया बिहार बंद कई जिलों में उग्र होता दिखा। सबसे ज्यादा तनावपूर्ण स्थिति सीवान में देखने को मिली, जहां प्रदर्शन के दौरान छात्रों और पुलिस के बीच झड़प हो गई। हालात इतने बिगड़ गए कि पुलिस को भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पहले आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े और बाद में हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। इस दौरान सीवान के पुलिस अधीक्षक (एसपी) पूरन झा भी पथराव में घायल हो गए।


जानकारी के अनुसार, सुबह से ही बड़ी संख्या में छात्र और विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ता सीवान के गांधी मैदान में जुटे थे। प्रदर्शनकारी सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे और अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। कुछ समय तक प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा, लेकिन अचानक माहौल बदल गया। आरोप है कि भीड़ के एक हिस्से ने पुलिस पर पानी की बोतलें और पत्थर फेंकने शुरू कर दिए, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।


पथराव शुरू होते ही पुलिस ने पहले प्रदर्शनकारियों को समझाने की कोशिश की, लेकिन जब स्थिति लगातार बिगड़ती गई तो भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के कई गोले छोड़े गए। इसके बाद भी उपद्रव नहीं थमा तो पुलिस ने हल्का लाठीचार्ज किया। लाठीचार्ज के बाद गांधी मैदान में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई और लोग इधर-उधर भागने लगे।


पथराव के दौरान सीवान के एसपी पूरन झा के हाथ में पत्थर लगने से चोट आई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि घायल एसपी को तत्काल प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया और वह उपचार के बाद फिर से कानून-व्यवस्था की निगरानी में जुट गए। पुलिस का कहना है कि पूरे घटनाक्रम की वीडियो रिकॉर्डिंग की जा रही है और उपद्रव में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


इस बीच, सीवान के जिलाधिकारी (डीएम) भी लगातार मौके पर मौजूद रहे और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ मिलकर हालात पर नजर रखी। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की है। डीएम ने कहा कि जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है और किसी भी तरह की हिंसा या सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।


गांधी मैदान की घटना से पहले कचहरी रेलवे ढाला के पास भी प्रदर्शनकारियों ने जमकर हंगामा किया। यहां पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड को क्षतिग्रस्त कर दिया गया, जिससे कुछ समय के लिए यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। अतिरिक्त पुलिस बल को बुलाकर स्थिति पर नियंत्रण पाया गया और इलाके में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई।


प्रशासन के अनुसार, बिहार बंद के दौरान राज्य के करीब छह जिलों से पथराव और हिंसक झड़पों की खबरें सामने आई हैं। कई स्थानों पर सड़क जाम, प्रदर्शन और पुलिस के साथ धक्का-मुक्की की घटनाएं भी हुईं। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल और दंडाधिकारियों की तैनाती की गई है।


सीवान में फिलहाल स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है, लेकिन गांधी मैदान, कचहरी रेलवे ढाला और अन्य संवेदनशील इलाकों में पुलिस लगातार गश्त कर रही है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि हिंसा फैलाने वाले तत्वों की पहचान सीसीटीवी फुटेज और वीडियो के आधार पर की जा रही है तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, प्रदर्शनकारी छात्र संगठनों का कहना है कि उनकी मांगों को लेकर आंदोलन आगे भी जारी रहेगा, जबकि प्रशासन ने शांति और कानून का पालन करने की अपील की है।