पटना में रामनवमी को लेकर जिला प्रशासन ने कसी कमर, महावीर मंदिर इलाके में हाई अलर्ट; चप्पे-चप्पे पर रहेगी पैनी नजर पटना में रामनवमी को लेकर जिला प्रशासन ने कसी कमर, महावीर मंदिर इलाके में हाई अलर्ट; चप्पे-चप्पे पर रहेगी पैनी नजर Bihar News : पटना में रहस्यमयी मौत! शव मिला, जांच से पहले ही पुलिस रवाना; मचा हडकंप Patna Metro : 26 मार्च को पटना मेट्रो फेज-2 का उद्घाटन संभव, चार स्टेशनों के बीच शुरू होगा सफर बिहार के इस जिले में करीब दर्जनभर सड़कों की बदलेगी सूरत, सरकार खर्च करेगी इतने करोड़ बिहार के इस जिले में करीब दर्जनभर सड़कों की बदलेगी सूरत, सरकार खर्च करेगी इतने करोड़ RTO online services : घर बैठे बनाएं लर्निंग लाइसेंस! RTO जाने की झंझट खत्म, मिनटों में पूरा होगा प्रोसेस बिहार में भगवान भी सुरक्षित नहीं: हनुमान मंदिर से लाखों के गहने चोरी, चांदी का गदा और अन्य कीमती सामान चुरा ले गए चोर बिहार की शिक्षा व्यवस्था में जल्द होने जा रहा बड़ा बदलाव, 80 हजार सरकारी स्कूलों में इस महीने से लागू होगी शैक्षणिक सुधार योजना बिहार की शिक्षा व्यवस्था में जल्द होने जा रहा बड़ा बदलाव, 80 हजार सरकारी स्कूलों में इस महीने से लागू होगी शैक्षणिक सुधार योजना
12-Jun-2020 08:42 AM
DESK : भगोड़े शराब कारोबारी विजय माल्या को लेकर भारत ने ब्रिटेन से अनुरोध किया है कि उसके शरण देने के अनुरोध पर एक बार विचार किया जाए. यह जानकारी गृह मंत्रालय ने दी है.
गृह मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि “हम विजय माल्या के जल्दी प्रत्यर्पण के लिए ब्रिटेन के अधिकारियों के संपर्क में हैं. हमने ब्रिटेन से यह भी अनुरोध किया है कि यदि उसकी ओर से अनुरोध किया जाता है तो शरण देने पर विचार न किया जाए, क्योंकि भारत में उसके उत्पीड़न का कोई आधार नहीं है.”
वहीं कुछ दिन पहले ही यह खबर सामने आई थी कि विजय माल्या ने ब्रिटेन सरकार के समक्ष एक अपील दायर की है. जिसमें उसने मानवीय आधार पर अपने ही देश में शरण देने की अपील की. इस बारे में माल्या का कहना है कि अगर उसे भारत में प्रत्यर्पित किया जाता है तो यहां उसे यातना दी जाएगी. वहीं खबर के अनुसार ब्रिटेन के अधिकारियों ने पुष्टि की थी कि विजय माल्या को हाल-फिलहाल में भारत वापस नहीं भेजा जाएगा. उनका कहना था कि "कुछ लीगल मसले हैं जिन्हें विजय माल्या के प्रत्यर्पण की प्रक्रिया से पहले सुलझाना जरूरी है. ब्रिटेन के कानून के तहत जब तक जब तक कानूनी मसलों को सुलझा नहीं लिया जाता, तब तक विजय माल्या का प्रत्यर्पण नहीं हो सकता है.लीगल इश्यू गोपनीय है और हम ज्यादा जानकारी नहीं दे सकते. हम यह भी नहीं बता सकते हैं कि इस लीगल इश्यू को सुलझाने में कितना समय लगेगा. हम इसे जल्द से जल्द सुलझाने की कोशिश कर रहे हैं."