Bihar Crime News: बिहार में JDU का पूर्व जिला प्रवक्ता गिरफ्तार, वैशाली पुलिस ने यहां से किया अरेस्ट; क्या है मामला? Bihar Crime News: जंगल में पेड़ से लटके दो नर कंकाल मिलने से सनसनी, ऑनर किलिंग की आशंका Bihar News: सकरी और रैयाम में जल्द खुलेंगे सहकारी चीनी मिल, मुख्य सचिव ने दिए निर्देश Bihar News: सकरी और रैयाम में जल्द खुलेंगे सहकारी चीनी मिल, मुख्य सचिव ने दिए निर्देश पटना में NEET छात्रा की मौत पर उबाल: शंभू गर्ल्स हॉस्टल के बाहर महिला संगठनों का जोरदार प्रदर्शन, बुलडोजर एक्शन की मांग पटना में NEET छात्रा की मौत पर उबाल: शंभू गर्ल्स हॉस्टल के बाहर महिला संगठनों का जोरदार प्रदर्शन, बुलडोजर एक्शन की मांग PM Awas Yojana Gramin: पीएम आवास योजना से बदली बिहार के गांवों की तस्वीर, 12 लाख परिवारों को मिलेगा अपना घर PM Awas Yojana Gramin: पीएम आवास योजना से बदली बिहार के गांवों की तस्वीर, 12 लाख परिवारों को मिलेगा अपना घर Prayagraj Magh Mela: प्रयागराज माघ मेला में राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के दो वर्ष पूरे होने पर आभार सभा, संतों ने दिया सनातन संरक्षण का संदेश Prayagraj Magh Mela: प्रयागराज माघ मेला में राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के दो वर्ष पूरे होने पर आभार सभा, संतों ने दिया सनातन संरक्षण का संदेश
10-Feb-2020 12:09 PM
By HIMANSHU
MOTIHARI : मोतिहारी जिला शिक्षा कार्यालय फर्जीवाड़ा को लेकर हमेशा से चर्चा में रहा है ।नया मामला सामने आने पर शिक्षा विभाग सहित आम लोगो मे चर्चा का विषय बना हुआ है ।जिस अतिथि शिक्षक का प्रमाणपत्र एक माह पूर्व DEO के जांच में फर्जी मिला।डीईओ ने उक्त शिक्षक के विरुद में एचएम से FIR दर्ज कराया गया था, उसी शिक्षक डीईओ ने क्लीन चिट देकर एचएम को कटघरे में खड़ा कर दिया है ।मामला केसरिया प्रखंड के राजकृत प्लस 2 उच्च विद्यालय दिलावरपुर का है।
निवर्तमान DEO ललित नारायण रजक ने उक्त विद्यालय के अतिथि शिक्षक विकास आनंद के शैक्षणिक प्रमाणपत्र की जांच करवायी ।जांच में फर्जी पाए जाने पर एच एम से उक्त शिक्षक के विरुद 5 नवम्बर 19 को FIR कराया गया ।वहीं निवर्तमान डीईओ रजक ने सेवानिवृत होने के दो दिन पूर्व उक्त शिक्षक को क्लीनचिट देकर प्रमाणपत्र को सही पाते हुए शिक्षक को मुक्त कर दिया ।एक ही पदाधिकारी के द्वारा दोनों करवाई की चर्चा जोरों पर है।
योगदान के समय अतिथि शिक्षक ने जिस प्रमाणपत्र की स्वअभिप्रमाणित कर स्कूल में जमा कराया वह हरियाणा का था ।जांच में वह फर्जी निकला ।जब वह प्रमाणपत्र फर्जी निकला तो डीईओ कार्यालय ने दूसरा प्रमाणपत्र लगवाकर उक्त शिक्षक को मुक्त कर दिया ।अब चर्चा है कि एक ही शिक्षक का स्कूल में दूसरा और डीईओ कार्यालय में दूसरा प्रमाणपत्र कैसे हो गया।प्रभारी डीईओ ने राजकुमार शर्मा ने बताया कि मेरे संज्ञान में मामला नहीं है ।फाइल देखने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है ।