ब्रेकिंग न्यूज़

बिहार पंचायत चुनाव 2026 की तैयारियां तेज, इस बार EVM और फेशियल रिकग्निशन से होगी वोटिंग बिहार पंचायत चुनाव 2026 की तैयारियां तेज, इस बार EVM और फेशियल रिकग्निशन से होगी वोटिंग बिहार में रफ्तार का कहर: मॉर्निंग वॉक के दौरान पुलिस अधिकारी की कार ने दंपति को रौंदा, दोनों की मौके पर हुई मौत पटना में JP गंगा पथ का विस्तार, सिर्फ आधे घंटे में दीघा से कोईलवर; जल्द बनकर तैयार होगी फोरलेन सड़क पटना में JP गंगा पथ का विस्तार, सिर्फ आधे घंटे में दीघा से कोईलवर; जल्द बनकर तैयार होगी फोरलेन सड़क केंद्रीय विद्यालय में नामांकन की प्रक्रिया शुरू, कक्षा 1 और बालवाटिका में ऐसे कराएं अपने बच्चों का एडमिशन केंद्रीय विद्यालय में नामांकन की प्रक्रिया शुरू, कक्षा 1 और बालवाटिका में ऐसे कराएं अपने बच्चों का एडमिशन बिहार के सरकारी स्कूलों में अप्रैल से कंप्यूटर की पढाई अनिवार्य, परीक्षाएं भी होंगी आयोजित; बच्चों को स्मार्ट बनाने की तैयारी बिहार के सरकारी स्कूलों में अप्रैल से कंप्यूटर की पढाई अनिवार्य, परीक्षाएं भी होंगी आयोजित; बच्चों को स्मार्ट बनाने की तैयारी चैती छठ को लेकर पटना में ट्रैफिक एडवाइजरी जारी, कई मार्गों पर डायवर्जन और प्रतिबंध लागू

Home / news / शहीद की अंतिम यात्रा में चल पड़ा हजारों का कारवां , 'भारत माता...

शहीद की अंतिम यात्रा में चल पड़ा हजारों का कारवां , 'भारत माता की जय' से गूंज उठा आसमान

29-Feb-2020 01:56 PM

By SAURABH KUMAR

SITAMARHI:जम्मू कश्मीर के श्रीनगर में शहीद सुशील कुमार सिंह का शव आज उनके पैतृक गांव मेजरगंज के डुमरा चला पहुंचा तो उनकी शव यात्रा में पूरा कारवां ही पीछे-पीछे चल पड़ा। भारत माता की जय के नारों से पूरा गांव गूंज उठा। पूरे राजकीय सम्मान के साथ शहीद का अंतिम संस्कार किया गया। 


आर्मी का टीम अपने साथ शहीद सुशील कुमार सिंह के पार्थिव शरीर को लेकर पहुंची तो उनके अंतिम दर्शन के लिए जनसैलाब उमड़ पड़ा। बच्चे-बूढ़े-जवान और महिलाएं सभी शहीद सुशील कुमार सिंह की एक झलक पाने को बेताब थे। गांव वाले उनकी बहादुरी की ही चर्चा कर रहे हैं। उधर सुशील कुमार सिंह के परिवार वालों के बीच मातम पसरा था। सभी का रो रो कर बुरा हाल है और पत्नी पूरी तरह बदहवास हो चुकी हैं। 


सीतामढ़ी जिले के मेजरगंज थाना इलाके के डुमरी कला गांव के रहने वाले आर्मी जवान सुशील कुमार सिंह श्रीनगर में पोस्टेड थे। श्रीनगर में  हुई बर्फबारी के दौरान उनकी तबियत खराब हो गई थी। इसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां उनकी मौत हो गई थी। परिजनों ने बताया कि सुशील ने 2016 में जालंधर में आर्मी की नौकरी ज्वाइन की थी। इसी महीने के पहले हफ्ते सुशील जालंधर से श्रीनगर ट्रांसफर होकर आए थे। बीते 6 फरवरी को वे गांव से ड्यूटी ज्वाइन करने रवाना हुए थे।  वर्ष 2015 में सुशील ने आर्मी ज्वाइन की थी और पिछले साल 20 मई, 2019 को उनकी शादी हुई थी।