बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा? इस दिन तक हो जाएगा क्लियर, मनोज तिवारी ने दिया बड़ा अपडेट बिहार में आज से फिर गरजेगा बुलडोजर: अतिक्रमण के खिलाफ शुरू होगा महा-अभियान, सरकार ने सभी DM को जारी किया आदेश बिहार में आज से फिर गरजेगा बुलडोजर: अतिक्रमण के खिलाफ शुरू होगा महा-अभियान, सरकार ने सभी DM को जारी किया आदेश पटना में महिला के साथ ऑटो में सामूहिक दुष्कर्म, खाना बनाने के बहाने बुलाकर की हैनानियत पटना में महिला के साथ ऑटो में सामूहिक दुष्कर्म, खाना बनाने के बहाने बुलाकर की हैनानियत बिहार में भी हाईवे पर एयरक्राफ्ट उतरने की तैयारी, इन तीन सड़कों पर ELF की सुविधा होगी बहाल बिहार में भी हाईवे पर एयरक्राफ्ट उतरने की तैयारी, इन तीन सड़कों पर ELF की सुविधा होगी बहाल देशभर में 1 अप्रैल से नए नियम लागू: ATM, टैक्स, LPG और रेलवे टिकट समेत 8 बड़े बदलाव, जानिए.. क्या होगा असर? देशभर में 1 अप्रैल से नए नियम लागू: ATM, टैक्स, LPG और रेलवे टिकट समेत 8 बड़े बदलाव, जानिए.. क्या होगा असर? बिहार में मौसम का बड़ा बदलाव: आंधी-बारिश के बाद अब बढ़ेगी गर्मी, पारा 40 डिग्री पार जाने का अलर्ट
27-Aug-2023 12:02 PM
By First Bihar
PATNA : जदयू के लोग चाहे जो कहे लेकिन नीतीश कुमार को सबसे पहले एक टोला का संयोजक बनाए जाने की तैयारी है। नीतीश कुमार अब चार-पांच गांव के एक संयोजक बनने वाले हैं, यह हमको मालूम चला है। यह बातें बिहार भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी ने कही है।
दरअसल, बिहार भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी से जब यह सवाल किया गया कि नीतीश कुमार यूपी के फूलपुर से चुनाव लड़ने वाले हैं इस बात की चर्चा की जा रही है और कहां जा रहा है कि बिहार और यूपी के जनता की चाहत भी यही है। जवाब में सम्राट ने कहा कि नीतीश कुमार को महज एक टोला का संयोजक बनाए जाने की तैयारी की जा रही है इसके अलावा उनको कुछ भी नहीं बनाया जाएगा।
वहीं, लाल यादव के तरफ से भाजपा और केंद्र सरकार के ऊपर जातीय जनगणना को बाधित करने को लेकर लगाए गए आप पर जवाब देते हुए सम्राट ने कहा कि -मंडल कमीशन में लालू प्रसाद यादव का कोई योगदान नहीं है पहले यह जानकारियां जरूरी है। बीपी सिंह पीएम थे और भाजपा के सहयोग से यह हुआ था। यह लोग चर्चा करते हैं उसके बाद भी मंडल कमीशन की। इसलिए यदि जातीय सर्वेक्षण बिहार में हो रहे हैं तो इसको रोका किसने। हम तो यह करते हैं कि आप 24 घंटे के अंदर आंकड़ा रिलीज करो। लालू जी तो कुछ है ही नहीं वह मुखिया भी नहीं बन सकते हैं तो उन पर क्या बोलना।
सम्राट चौधरी ने कहा कि 2015 में जिस तरह से उन्होंने बैकवर्ड - फॉरवर्ड की राजनीति की थी अब वापस से वही राजनीति करना चाहते हैं यह लोग। इन लोगों को सब कोई पहचान चुका है। लालू जी को भी हर कोई पहचान रहा। नीतीश कुमार तो कोई फैक्टर ही नहीं है इन पर क्या ही बातचीत करना। यह लोग जब से दोनों मिले हैं तब से यह बात सरेआम हो गई है कि यह लोग दलित विरोधी हैं अति पिछड़ा विरोधी हैं और सवर्ण विरोधी तो पहले से थे ही।