Bihar News: नीतीश कुमार ने विधान परिषद से दिया इस्तीफा...नेताओं में मायूसी, JDU महासचिव बोले- यह निर्णय भीतर तक झकझोर देने वाला है PMAY-G के तहत बिहार में गरीबों को जल्द मिलेगा पक्का घर, 1.04 करोड़ परिवार वेटिंग लिस्ट में शामिल PMAY-G के तहत बिहार में गरीबों को जल्द मिलेगा पक्का घर, 1.04 करोड़ परिवार वेटिंग लिस्ट में शामिल Success Story: दो सगे भाई, एक सपना… पहले ही प्रयास में दोनों ने फतह किया UP PCS, जानिए इनकी सफलता की कहानी नीतीश ने MLC से दिया इस्तीफा तो मांझी बोले..“तहरा जईसन केहू नईखें” Bihar Crime News: महिला की संदिग्ध मौत से सनसनी, पड़ोसी पर पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप Bihar Crime News: महिला की संदिग्ध मौत से सनसनी, पड़ोसी पर पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप बेगूसराय में दिनदहाड़े वॉलीबॉल खिलाड़ी को मारी गोली, हालत गंभीर Bihar News: खंभे पर चढ़े थे बिजली ठीक करने… अचानक दौड़ा करंट, वार्ड सदस्य की दर्दनाक मौत नीतीश कुमार के इस्तीफे पर संतोष सुमन का बयान, बोले- बिहार को मिलेगा सर्वसमावेशी नया मुख्यमंत्री
28-Mar-2023 12:16 PM
By MANOJ KUMAR
MUZAFFARPUR: जिले के बरियारपुर ओपी क्षेत्र में झोलाझाप डॉक्टर द्वारा एक महिला का बच्चेदानी निकाल लेने और उसके पेशाब के नश को काटने के मामले में जानकारी लेने पर मीडिया कर्मियों के सवाल पर जिले के सिविल सर्जन डॉ यूसी शर्मा का अजीबोगरीब बयान सामने आया।
इस मामले में सिविल सर्जन ने कहा कि अकेले स्वास्थ्य विभाग से यह चीज़ सम्भव नही है कि हर जगह पर रोक लगाई जा सके मीडिया के माध्यम से यह जानकारी मिली है। मीडिया के माध्यम से कि एक महिला का बरियारपुर ओपी इलाके में एक महिला का बच्चेदानी के ऑपरेशन के दौरान उसके पेशाव की नली को भी स्टिच कर दिया गया है। जिसका इलाज़ किसी दूसरी जगहों पर चल रहा है। स्थानीय सरकारी अस्पताल के पदाधिकारियों से इस बात को लेकर रिपोर्ट मांगी गई है।
वही मीडिया कर्मियों ने पूछा कि हाल ही में किडनी कांड हुआ उसी इलाके में फिर भी झोलाछाप डॉक्टर और गैर निबंधित हॉस्पिटल पर कार्यवाई नहीं हो रही तो सिविल सर्जन ने हाथ खड़े करते हुए कहा दिया कि अकेले यह स्वास्थ्य विभाग से सिर्फ सम्भव नही है। आमजनों और स्थानीय सभी तरह के लोगों को जागरूक होना पड़ेगा। सुनीता किडनी कांड के बाद ही जिले में सभी सम्बंधित स्वास्थ्य विभाग के कर्मियों को यह निर्देशन कर दिया गया था कि इस तरह के गैर निबंधन हॉस्पिटल और झोलाझाप डॉक्टरों पर कार्यवाई करे और इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को भी दे।
अब सवाल उठता है कि क्या सिविल सर्जन साहब की बाते उनके अधीनस्थ कर्मी और पदाधिकारी नही मानते या यूं कहें कि सिर्फ अमलीजामा पहनाने के लिए आदेश जारी हुआ है या फिर स्वास्थ्य विभाग की मिली भगत से पूरे कुकृत्य चल रहा है। जिले में ऐसे में अगर इस तरह का गैर जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग के कर्मी होंगे तो यह कहना गलत नहीं है कि स्वास्थ्य मंत्री और उनका विभाग आज भी बिहार में एम्बुलेंस पर है।