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‘किसी भी दलित को आगे बढ़ता नहीं देख सकते नीतीश’ चिराग बोले- खरगे का नाम सुनकर विफरना स्वभाविक

20-Dec-2023 04:38 PM

By First Bihar

PATNA: देश की सियासत में इस बात की चर्चा तेज है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद कांग्रेस से नाराज हो गए हैं। कहा जा रहा है कि इंडी गठबंधन की बैठक में विपक्ष के पीएम उम्मीदवार के तौर पर मल्लिकार्जुन खरगे का नाम प्रस्तावित होने पर लालू और नीतीश नाराज होकर प्रेस कॉन्फ्रेस से पहले ही वहां से निकल गए। इसको लेकर सियासत तेज हो गई है। लोजपा (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने इसके पीछे की असली वजह बताई है।


चिराग पासवान ने कहा है कि प्रधानमंत्री उम्मीदवार के तौर पर खरगे का नाम सुनकर नीतीश कुमार का विफरना बहुत ही स्वभाविक है। इसलिए नहीं कि खरगे किसी दूसरे दल के नेता है बल्कि इसलिए कि खरगे एक दलित समुदाय से आते हैं। खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चुनावी सभाओं में समझाया था कि कैसे नीतीश कुमार पूरी तरह से दलित विरोधी सोंच रखते हैं। चिराग ने कहा कि उनके पिता रामविलास पासवान को नीतीश कुमार द्वारा अपमानित करने का कारण भी यही था कि वे दलित समुदाय से आते थे।


नीतीश कुमार की सोंच थी कि एक दलित समुदाय का व्यक्ति बिहार की राजनीति में आगे बढ़ रहा था तो उनको किसी भी तरह से रोको। राज्यसभा नामांकन के दौरान किस तरह से नीतीश कुमार ने रामविलास पासवान को अपमानित किया सभी को पता है। अभी कुछ दिन पहले ही बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी को भरे विधानसभा में अपमानित किया। ऐसे में विपक्ष के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के तौर पर मल्लिकार्जुन खरगे का नाम सामने आने के बाद नीतीश का विफरना स्वभाविक है। नीतीश कुमार किसी भी ऐसे व्यक्ति को आग बढ़ता नहीं देखना चाहते हैं जो दलित समुदाय से आता हो।