Bihar Politics : सस्पेंस हुआ खत्म ! जानिए कौन होंगे बिहार के नए 'चौधरी'', CM नीतीश के बाद अब मंत्री ने भी किया कंफर्म; 20 साल बाद बिहार को मिलेगा नया 'सम्राट' Patna Ring Road : पटना रिंग रोड से शहर में ट्रैफिक जाम कम होगा, इस सड़क का मानसून के बाद होगा निर्माण गोपालगंज में दर्दनाक हादसा: तालाब में डूबने से दो स्कूली छात्रों की मौत मुजफ्फरपुर: केंद्रीय कारागार के विचाराधीन बंदी की SKMCH में मौत, गंभीर बीमारी और ड्रग एडिक्शन से था ग्रसित मुजफ्फरपुर कोर्ट का बड़ा फैसला: अपहरण और बाल विवाह मामले में मुकेश सहनी को 3 साल की सजा Bihar News: हड़ताली अंचल अधिकारियों पर बड़ा प्रहार...एक साथ कई CO को किया गया सस्पेंड, डिप्टी CM विजय सिन्हा का चला हथौड़ा WhatsApp कॉलिंग में बड़ा बदलाव: अब मिलेगी पूरी तरह शोर-मुक्त बातचीत की सुविधा, जानिए कैसे? बिहटा के NSMCH में CME का आयोजन: "BIHAR में हीमोग्लोबिनोपैथी निदान को सुदृढ़ बनाना स्क्रीनिंग से मॉलिक्यूलर टेस्टिंग तक” सवारी बिठाने के लिए टोटो चालकों के बीच जमकर मारपीट, चाकू से किया हमला Bihar News: रेस्टोरेंट की आड़ में चल रहा गंदा काम, पुलिस ने किया पर्दाफाश, तीन गिरफ्तार
08-Dec-2023 08:09 AM
By First Bihar
SAHARSA : पूर्व सांसद आनंद मोहन ने करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या को लेकर विवादित बयान दिया है। उन्होंने कहा कि - मौत के बदले मौत होनी चाहिए सिर्फ मौत।जिस तरह से कायराना हत्या की गई है उसका निंदा करता हूं। वो एक शेर दिल इंसान थे। वो मर्द थे और मर्द की मौत पर मातम नहीं मनाए जाते। ये जो हरकत है वो कायरतापूर्ण हरकत ह। धोखे से एक शेर को शहीद कर दिया गया। इसलिए मौत के बदले मौत होनी चाहिए एनी हाउ।
आनंद मोहन ने कहा कि- सुखदेव सिंह गोगामेड़ी कोई भूमाफिया नहीं थे कोई बिल्डर नहीं थे उनकी कोई आपराधिक घटना में संलिप्तता नहीं थी वो शुद्ध रूप से मूलतः राजपूत समाज के बड़े नेता थे, कद्दावर नेता थे। धोखे से कायरों ने उनकी हत्या कर द। ये भी सामने आ रही है गुप्तचर एजेंसियां चाहे राज्य सरकार की हो या केंद्र सरकार की हो उनको ये जानकारियां थीं। ये सब जानकारी रहते एक व्यक्ति की हत्या कर दी जाती है। इसमें बहुत दूर की बातें हैं और कहीं न कहीं राजनीतिक कनेक्शन है।
इसके साथ ही आनंद मोहन ने कहा कि ये किसी के लिए कायराना हरकत होगा। सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की मौत एक शानदार मौत है। सीने पर गोली खा करके और किसी ने धोखे से मारा है। सीने पर मारा है ये समाज के लिए मरा है। समाज इसे कभी नहीं भूलेगा। हत्या का जो अवसर चुना जाता है वो एक सरकार जाती है और दूसरे सरकार आने वाली है। अभी किसी का ओथ नहीं हुआ है। ऐसे समय को चुनना ये शातिर दिमाग का उपज है जो कुछ भी हुआ इसकी सिर्फ निंदा नहीं की जा सकती है।
उधर, आनंद मोहन से सरकार से मांग की है कि हम सभी पूरा समाज यही डिमांड कर रहे हैं कि मौत के बदले मौत हो। ये सरकार का दायित्व है जिस तरह से गुंडे घुस करके घर में धोखे से हत्या की है वो भी मिलने के बहाने, ये बहुत ही नपुंसकता कार्रवाई है।