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02-Jan-2023 10:28 AM
MUZAFFARPUR: बिहार में शराबबंदी को लेकर आए दिन सवाल उठता रहा है। शराबबंदी को फेल बताकर विपक्ष से लेकर सत्ताधारी दलों के नेता अपनी ही सरकार को घेरते रहे हैं।पिछले दिनों छपरा में जहरीली शराब से हुई मौतों को लेकर सरकार की खूब फजीहत हुई थी। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भरी सदन में कह दिया था कि जो पिएगा वो मरेगा। बावजूद इसके शराब के शौकीन लोग अपनी आदतों से बाज नहीं आ रहे हैं। ताजा मामला मुजफ्फरपुर से सामने आया है, जहां दो अधिकारियों ने प्रधान डाकघर को ही मयखाना बना दिया।
दरअसल, नए साल के जश्न के मौके पर मुजफ्फरपुर के प्रधान डाकघर में धार्मिक अनुष्ठान किया गया था। जिसमें नए और पुराने कर्मियों को बुलाया गया था। धार्मिक अनुष्ठान के संपन्न होने के बाद कुछ लोग तो वापस लौट गए लेकिन कुछ बड़े अधिकारी डाकघर में ही मौजूद रहे। इसके बाद शराब पार्टी का आयोजन किया गया। डाकघर के भीतर ही अधिकारियों ने जमकर जाम छलकाया। किसी प्रकार शराब पार्टी की जानकारी उत्पाद विभाग को लग गई।
फिर क्या था नए साल के जश्न में उत्पाद विभाग की टीम ने खलल डाल दिया। छापेमारी के दौरान डिप्टी पोस्ट मास्टर दीनानाथ प्रसाद साह और रिटायर्ड डिप्टी पोस्टमास्टर अभय कुमार वर्मा नशे की हालत में पकड़े गए। ब्रेथ एनालाइजर जांच में दोनों के शराब पीने की पुष्टि हुई। हालांकि इससे पहले अन्य कर्मी वहां से निकल चुके थे। दोनों अधिकारियों को गिरफ्तार कर उत्पाद विभाग की टीम अपने साथ लेकर चली गई। पूरे मामले पर उत्पाद अधीक्षक संजय कुमार राय ने बताया कि दोनों को कोर्ट में पेश किया जाएगा।
MUZAFFARPUR: बिहार में शराबबंदी को लेकर आए दिन सवाल उठता रहा है। शराबबंदी को फेल बताकर विपक्ष से लेकर सत्ताधारी दलों के नेता अपनी ही सरकार को घेरते रहे हैं।पिछले दिनों छपरा में जहरीली शराब से हुई मौतों को लेकर सरकार की खूब फजीहत हुई थी। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भरी सदन में कह दिया था कि जो पिएगा वो मरेगा। बावजूद इसके शराब के शौकीन लोग अपनी आदतों से बाज नहीं आ रहे हैं। ताजा मामला मुजफ्फरपुर से सामने आया है, जहां दो अधिकारियों ने प्रधान डाकघर को ही मयखाना बना दिया।
दरअसल, नए साल के जश्न के मौके पर मुजफ्फरपुर के प्रधान डाकघर में धार्मिक अनुष्ठान किया गया था। जिसमें नए और पुराने कर्मियों को बुलाया गया था। धार्मिक अनुष्ठान के संपन्न होने के बाद कुछ लोग तो वापस लौट गए लेकिन कुछ बड़े अधिकारी डाकघर में ही मौजूद रहे। इसके बाद शराब पार्टी का आयोजन किया गया। डाकघर के भीतर ही अधिकारियों ने जमकर जाम छलकाया। किसी प्रकार शराब पार्टी की जानकारी उत्पाद विभाग को लग गई।
फिर क्या था नए साल के जश्न में उत्पाद विभाग की टीम ने खलल डाल दिया। छापेमारी के दौरान डिप्टी पोस्ट मास्टर दीनानाथ प्रसाद साह और रिटायर्ड डिप्टी पोस्टमास्टर अभय कुमार वर्मा नशे की हालत में पकड़े गए। ब्रेथ एनालाइजर जांच में दोनों के शराब पीने की पुष्टि हुई। हालांकि इससे पहले अन्य कर्मी वहां से निकल चुके थे। दोनों अधिकारियों को गिरफ्तार कर उत्पाद विभाग की टीम अपने साथ लेकर चली गई। पूरे मामले पर उत्पाद अधीक्षक संजय कुमार राय ने बताया कि दोनों को कोर्ट में पेश किया जाएगा।