ब्रेकिंग न्यूज़

Bihar Bhumi: जमीन विवाद खत्म करने की तैयारी, तय समय सीमा में पूरा होगा विशेष सर्वेक्षण Aadhaar update rules : UIDAI ने बदले नियम, अब नाम, पता और जन्मतिथि अपडेट के लिए जरूरी दस्तावेजों की नई सूची जारी Bihar railway news : बिहार के गया जंक्शन पर 45 दिनों का मेगा ब्लॉक, कई ट्रेनें रद्द व रूट डायवर्ट; 21 मार्च तक असर Bihar Bhumi: सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर बिहार सरकार सख्त, 30 साल पुराना कब्जा भी नहीं होगा मान्य BPSC TRE 4 Vacancy : बिहार में चौथे चरण में 44 हजार शिक्षकों की होगी बहाली, फरवरी अंत या मार्च में आ सकता है विज्ञापन Bihar Hospitals Notice : बिहार में 400 अस्पतालों पर कार्रवाई की तैयारी, BSPCB का नोटिस जारी; जानिए क्या है वजह Budget Session : बिहार विधानसभा बजट सत्र का तीसरा दिन, प्रश्नकाल से होगी कार्यवाही की शुरुआत; तेजस्वी यादव भी आज रखेंगे अपनी बात Bihar weather :फरवरी में बिहार का बदला-बदला मौसम, दिन में गर्मी तो रात में ठंड, IMD ने जताई और गिरावट की संभावना मुंगेर में इंटर परीक्षार्थी 3 दिन से लापता, दोस्त पर अपहरण का आरोप RJD के पूर्व विधायक रियाजुल हक ने थामा JDU का दामन, लालू-तेजस्वी की पार्टी को बड़ा झटका

बिहार में खत्म हो जायेगा मुकेश सहनी-बीजेपी का गठबंधन? BJP ने VIP की सीट पर उपचुनाव में अपना उम्मीदवार देने की चेतावनी दी

बिहार में खत्म हो जायेगा मुकेश सहनी-बीजेपी का गठबंधन? BJP ने VIP की सीट पर उपचुनाव में अपना उम्मीदवार देने की चेतावनी दी

02-Jan-2022 05:02 PM

By FIRST BIHAR EXCLUSIVE

MUZAFFARPUR: उत्तर प्रदेश में मुकेश सहनी के मल्लाह वोट बैंक की पॉलिटिक्स से नाराज बीजेपी ने उन्हें बिहार की सियासत से बेदखल कर देने की खुली चेतावनी दे दी है। मुकेश सहनी के एक विधायक के निधन से सीट खाली हुई है जहां उपचुनाव होना है। बीजेपी ने चेताया है कि अगर मुकेश सहनी ने अपना रास्ता नहीं बदला तो इस सीट पर बीजेपी अपना उम्मीदवार उतार देगी। 


बीजेपी की खुली चेतावनी

बिहार बीजेपी के उपाध्यक्ष और सांसद अजय निषाद ने आज ये खुली चेतावनी दी। सांसद अजय निषाद ने मुकेश सहनी को यूपी के विधानसभा चुनाव में भाजपा का वोट काटने की राजनीति से बाज आने की नसीहत दी है। सांसद निषाद ने कहा कि मुकेश सहनी 2-4 हजार वोट काटने वाले वोटकटवा बन सकते हैं। इसके अलावा कुछ औऱ नहीं. वे बिहार से खुद यूपीए और एनडीए दोनों से चुनाव लड़े और दोनों ही बार बुरी तरह हार गए। मुकेश सहनी का बिहार में कोई जनाधार नहीं है और उत्तर प्रदेश में हवाई दावे कर रहे हैं।


मुकेश सहनी को नहीं देंगे बोचहां सीट 

सांसद अजय निषाद ने कहा कि मुकेश सहनी यूपी में चुनाव लड़ कर वोट काटने की रणनीति से पीछे नहीं हटते हैं तो बिहार की राजनीति से बेदखल होने को तैयार रहें. मुकेश सहनी को मुजफ्फरपुर के बोचहां विधानसभा सीट से हाथ धोना पड़ सकता है. दरअसल बोचहां विधानसभा सीट से मुकेश सहनी की पार्टी के विधायक मुसाफिर पासवान हुआ करते थे. मुसाफिर पासवान का बीमारी के कारण निधन हो चुका है. अब वहां उप चुनाव होना है. बीजेपी के सांसद अजय निषाद ने कहा कि बोचहां पहले से ही भाजपा की सीट रही है और उनकी पार्टी यहां से बेहतर प्रदर्शन करने को तैयार है. अजय निषाद ने कहा कि यदि मुकेश सहनी योगी-योगी नहीं करेंगे तो बोचहां ही नहीं पूरे बिहार में उनकी राजनीति खत्म कर दी जायेगी। 


मांझी के साथ मिलकर भी कुछ नहीं बिगाड़ पायेंगे

बीजेपी सांसद अजय निषाद ने मुकेश सहनी औऱ जीतन राम मांझी की युगलबंदी पर भी हमला बोला. उन्होंने कहा कि मुकेश सहनी मांझी जी के साथ मिलकर बीजेपी को डंवाडोल करने का दावा कर रहे हैं लेकिन उन्हें हकीकत का अहसास नहीं है. भाजपा सांसद ने कहा कि दो कमजोर जानवर शेर का शिकार नहीं कर सकते हैं. भाजपा शेर है. वहीं मुकेश सहनी कमजोर जानवर की तरह है. दो कमजोर जानवर मिलकर शेर का शिकार थोड़े कर पायेंगे. वैसे सांसद निषाद ने ये भी कहा कि जीतन राम मांझी को बीजेपी पर्याप्त सम्मान देती है।


बिहार बीजेपी के उपाध्यक्ष और सांसद अजय निषाद के इस बयान पर विकासशील इंसान पार्टी (VIP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता देव ज्योति ने हमला बोला है। देव ज्योति ने कहा कि अजय निषाद खुद निषाद जाति से हैं और निषाद होकर निषाद आरक्षण का विरोध कर रहे हैं। यह कितनी दुर्भाग्यपूर्ण बात है। उनको तो मुकेश सहनी के साथ आकर निषाद समाज को आरक्षण दिलाने के लिए लड़ाई लड़नी चाहिए। 


VIP के राष्ट्रीय प्रवक्ता देव ज्योति ने कहा कि अजय निषाद अपने पिताजी स्व. जयनारायण निषाद के बलबूते राजनीति कर रहे हैं। इसके विपरित मुकेश सहनी का राजनीति में कोई गॉड फादर नही हैं। निषाद समाज का समर्थन और विश्वास ने मुकेश सहनी को निषाद समाज का सबसे बड़ा नेता बनाया है। सिर्फ बिहार ही नहीं बल्कि पूरा देश आज उन्हे " सन ऑफ मल्लाह" के नाम से जानता हैं। 


इसी ईर्ष्या से आज अजय निषाद बौखला गए हैं। खुद निषाद जाति का होने के बावजूद अजय निषाद ने आजतक निषाद समाज के दिलों में जगह नहीं बना पाए। आने वाले समय में सबको जवाब मिल जायेगा। निषाद समाज ही यह तय करेगा। आरक्षण की इस लड़ाई में पूरा निषाद समाज " सन ऑफ मल्लाह " मुकेश सहनी के साथ है।