Nitish Kumar convoy : अब प्रधानमंत्री की तरह नीतीश कुमार भी करेंगे बुलेटप्रूफ रेंज रोवर की सवारी, जानें गाड़ी की हाईटेक सुरक्षा और लग्जरी खासियत Bihar Bhumi: जमीन विवाद खत्म करने की तैयारी, तय समय सीमा में पूरा होगा विशेष सर्वेक्षण Aadhaar update rules : UIDAI ने बदले नियम, अब नाम, पता और जन्मतिथि अपडेट के लिए जरूरी दस्तावेजों की नई सूची जारी Bihar railway news : बिहार के गया जंक्शन पर 45 दिनों का मेगा ब्लॉक, कई ट्रेनें रद्द व रूट डायवर्ट; 21 मार्च तक असर Bihar Bhumi: सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर बिहार सरकार सख्त, 30 साल पुराना कब्जा भी नहीं होगा मान्य BPSC TRE 4 Vacancy : बिहार में चौथे चरण में 44 हजार शिक्षकों की होगी बहाली, फरवरी अंत या मार्च में आ सकता है विज्ञापन Bihar Hospitals Notice : बिहार में 400 अस्पतालों पर कार्रवाई की तैयारी, BSPCB का नोटिस जारी; जानिए क्या है वजह Budget Session : बिहार विधानसभा बजट सत्र का तीसरा दिन, प्रश्नकाल से होगी कार्यवाही की शुरुआत; तेजस्वी यादव भी आज रखेंगे अपनी बात Bihar weather :फरवरी में बिहार का बदला-बदला मौसम, दिन में गर्मी तो रात में ठंड, IMD ने जताई और गिरावट की संभावना मुंगेर में इंटर परीक्षार्थी 3 दिन से लापता, दोस्त पर अपहरण का आरोप
01-Jul-2025 03:05 PM
By FIRST BIHAR
Bihar Election 2025: बिहार में वोटर लिस्ट पुनरीक्षण को लेकर छिड़े विवाद के बीच चुनाव आयोग ने वर्ष 2003 की विशेष गहन पुनरीक्षण से जुड़ी मतदाता सूची को आधिकारिक वेबसाइट https://voters.eci.gov.in पर सार्वजनिक कर दिया है।
चुनाव आयोग की इस पहल से करीब 4.96 करोड़ मतदाताओं को दस्तावेज जमा करने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी, जिससे बिहार में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में काफी सहूलियत मिलेगी। चुनाव आयोग द्वारा 24 जून 2025 को जारी निर्देश के अनुसार, अब यदि किसी मतदाता के पिता या माता का नाम 2003 की मतदाता सूची में दर्ज है, तो उस व्यक्ति को वेरिफिकेशन के लिए कोई दस्तावेज देने की आवश्यकता नहीं होगी।
आयोग के निर्देश के अनुसार, सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारी, मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी और निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी यह सुनिश्चित करेंगे कि यह सूची बीएलओ को हार्ड कॉपी में उपलब्ध हो और वेबसाइट पर भी सार्वजनिक रूप से मौजूद रहे, ताकि कोई भी मतदाता इसे गणना प्रपत्र के साथ दस्तावेज प्रमाण के रूप में प्रस्तुत कर सके।
इस नई व्यवस्था के तहत, जिन मतदाताओं के नाम 2003 की मतदाता सूची में दर्ज हैं, उन्हें अब सिर्फ सूची से विवरण सत्यापित कर गणना फॉर्म भरकर जमा करना होगा। इससे मतदाताओं और बीएलओ दोनों को प्रक्रिया में सरलता और पारदर्शिता मिलेगी।