बिहार में शराबबंदी कानून का माखौल उड़ा रही खाकी, दारोगा का शराब के साथ वीडियो वायरल; जांच के आदेश बिहार में शराबबंदी कानून का माखौल उड़ा रही खाकी, दारोगा का शराब के साथ वीडियो वायरल; जांच के आदेश निशांत को ही सीएम बनाना होता तो BJP नीतीश को जबरदस्ती राज्यसभा क्यों भेजती? JDU कार्यकर्ताओं की मांग पर बोले मुकेश सहनी निशांत को ही सीएम बनाना होता तो BJP नीतीश को जबरदस्ती राज्यसभा क्यों भेजती? JDU कार्यकर्ताओं की मांग पर बोले मुकेश सहनी मेला दिखाने के बहाने युवती से दुष्कर्म, रेप के बाद बॉयफ्रेंड ने लड़की को दोस्तों के सामने परोसा, विरोध करने पर मार डाला मेला दिखाने के बहाने युवती से दुष्कर्म, रेप के बाद बॉयफ्रेंड ने लड़की को दोस्तों के सामने परोसा, विरोध करने पर मार डाला बिहार में बिना जुताई अब आलू की खेती: जीरो टिलेज पर सरकार का फोकस, जल्द लागू होगी नई तकनीक बिहार में बिना जुताई अब आलू की खेती: जीरो टिलेज पर सरकार का फोकस, जल्द लागू होगी नई तकनीक बिहार में अब सरकारी टेंडरों पर रहेगी EOU की पैनी नजर, 5 सदस्यीय टीम गठित; गड़बड़ी करने वालों का खेल खत्म बिहार में अब सरकारी टेंडरों पर रहेगी EOU की पैनी नजर, 5 सदस्यीय टीम गठित; गड़बड़ी करने वालों का खेल खत्म
02-Feb-2026 12:09 PM
By FIRST BIHAR
Bihar News: बिहार राजस्व सेवा संघ के आह्वान पर बिहार के सभी अंचलों के अंचलाधिकारी (CO) और राजस्व अधिकारी (RO) आज सोमवार, 2 फरवरी 2026 से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं। पटना के BRSA भवन में आयोजित सभा में बिहार राजस्व सेवा के पदाधिकारी इकट्ठा हुए हैं।
हड़ताल की मुख्य वजह बिहार राजस्व सेवा संवर्ग नियमावली 2010 का अनुपालन है। संघ की मांग है कि राजस्व सेवा के अधिकारियों को डीसीएलआर (DCLR) और भू-अर्जन पदाधिकारी के पदों पर पदस्थापित किया जाए। वर्तमान में इन पदों पर बिहार प्रशासनिक सेवा (BAS) के अधिकारियों का कब्जा है, जिसे लेकर बिहार प्रशासनिक सेवा और बिहार राजस्व सेवा संघ के बीच लंबे समय से 'शीतयुद्ध' जारी है।
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग द्वारा हाल ही में जारी एक अधिसूचना, जिसमें 'अनुमंडल राजस्व पदाधिकारी' के नाम का उल्लेख है, ने आग में घी डालने का काम किया है। संघ का कहना है कि यह मामला माननीय उच्च न्यायालय में भी विचाराधीन है और पूर्व में मुख्य सचिव को भी इससे अवगत कराया जा चुका है, लेकिन विभाग की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं होने के कारण अधिकारियों को हड़ताल का रास्ता चुनना पड़ा।
इस आंदोलन को 'यूनाइटेड बिहार राजस्व सेवा संघ' (बिरसा यूनाइटेड) का भी पूर्ण समर्थन प्राप्त हुआ है। बिरसा यूनाइटेड के अध्यक्ष आदित्य शिवम शंकर ने सीओ और आरओ के इस फैसले का समर्थन करते हुए मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री, मुख्य सचिव और विभागीय प्रधान सचिव को पत्र लिखकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक मांगों पर गंभीरतापूर्वक विचार नहीं होगा, राजस्व कार्यों का बहिष्कार जारी रहेगा। इस हड़ताल के कारण जिले में दाखिल-खारिज (Mutation), जाति-आय-निवास प्रमाण पत्र का निर्गमन, अतिक्रमण हटाओ अभियान और भू-सर्वेक्षण जैसे महत्वपूर्ण कार्य पूरी तरह ठप हो सकते हैं।