ब्रेकिंग न्यूज़

बेगूसराय में युवक की निर्मम हत्या, पहचान मिटाने के लिए चेहरे पर डाला एसिड पटना में दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 4 लाख की लूट, हथियारबंद 4 बदमाशों ने घटना को दिया अंजाम सीएम की कुर्सी छोड़ेंगे नीतीश कुमार लेकिन रूतबा बढ़ेगा: उनका सुरक्षा घेरा औऱ मजबूत होगा, Z+ के साथ SSG कवर भी रहेगा, स्पेशल कमांडो होंगे तैनात अरवल में गैस लीकेज से लगी भीषण आग, एक ही परिवार के 5 लोग झुलसे मुंगेर में ONLINE ट्रेडिंग के नाम पर ठगी, युवक ने गंवाए 11.69 लाख रुपये परिवहन विभाग के ESI को पुलिस ने किया गिरफ्तार, चेक पोस्ट पर वसूली की शिकायत पर SP ने कराया अरेस्ट मुंगेर में गैस की कालाबाजारी पर कार्रवाई, छापेमारी के दौरान 13 डोमेस्टिक सिलेंडर जब्त विवेका पहलवान की पुण्यतिथि पर 3 अप्रैल को अंतरराष्ट्रीय महा दंगल, आयोजन स्थल का जायजा लेने पहुंचे अनंत सिंह Bihar News: भ्रष्ट DSP ने महिला मित्र को भी धनवान बना दिया, छह ठिकानों पर रेड में जमीन के 25 डीड मिले, चाय बगान से लेकर नर्सिंग होम और भी बहुत कुछ.... सुकृष्णा कॉमर्स एकेडमी का कार्यक्रम: ‘प्रतिभा सम्मान समारोह सह ओरिएंटेशन प्रोग्राम 2026’ का भव्य आयोजन

Home / bihar / बिहार बोर्ड के अध्यक्ष आनंद किशोर की नियुक्ति को पटना हाईकोर्ट में चुनौती,...

बिहार बोर्ड के अध्यक्ष आनंद किशोर की नियुक्ति को पटना हाईकोर्ट में चुनौती, कोर्ट ने नीतीश सरकार से मांगा जवाब

07-Jan-2020 08:50 AM

PATNA: बिहार बोर्ड के अध्यक्ष आनंद किशोर की नियुक्ति को पटना हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है. इस मामले में पटना हाईकोर्ट ने सुनवाई करते हुए बिहार की नीतीश सरकार से जबाव मांगा है. सामाजिक कार्यकर्ता की ओर से दायर की गई याचिका पर कोर्ट ने सुनवाई की.


पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश संजय करोल और न्यायमूर्ति डॉ. अनिल कुमार उपाध्याय की खंडपीठ ने सुनवाई करते हुए आनंद किशोर को नोटिस जारी किया है. कोर्ट ने आनंद किशोर से उनका पक्ष पूछा है. सामाजिक कार्यकर्ता शिवप्रकाश राय की ओर से दायर की गई जनहित याचिका पर सुनवाई की गई.


याचिकाकर्ता वकील दीनू कुमार और रितिका रानी ने कोर्ट को बताया कि बिहार सरकार ने आनंद किशोर को 15 सितंबर 2018 को भूतलक्षी प्रभाव (25 सितंबर 2017) से नियुक्त करने की अधिसूचना जारी की. उन्हें 3 साल के लिए अध्यक्ष बनाया गया. वो 8 जून 2016 से ही अध्यक्ष पद पर काम कर रहे थे. राज्य सरकार ने अध्यक्ष पद की रिक्ति और उस पर नियुक्ति के लिए विज्ञापन नहीं निकाला. बिना विज्ञापन के ही आनंद किशोर को अध्यक्ष पद पर नियुक्त कर दिया गया. याचिकाकर्ता का पक्ष सुनने के बाद कोर्ट ने इस मामले में आनंद किशोर को नोटिस जारी किया साथ ही राज्य सरकार से भी जवाब मांगा है. इस मामले की अगली सुनवाई 10 फरवरी को होगी.