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MAHA KUMBH 2025: महाकुंभ का पहला अमृत स्नान जारी, पवित्र डुबकी लगाने उमड़ा जन सैलाब, 4 करोड़ लोगों के शामिल होने की उम्मीद

MAHA KUMBH 2025: मकर संक्रांति के दिन महाकुंभ का पहला अमृत स्नान किया जा रहा है। घाटों पर अहले सुबह से श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है। सबसे पहले नागा साधुओं के अखाड़े ने अमृत स्नान किया।

maha kumbh prayagraj
महाकुंभ में आस्था की डुबकी
© google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

MAHA KUMBH 2025: महाकुंभ 2025 का पहला अमृत स्नान आज मकर संक्रांति के शुभ अवसर पर शुरू हो गया है। आज डेढ़ करोड़ से ज्यादा श्रद्धालुओं ने अमृत स्नान कर लिया है। इस अमृत स्नान पर करीब 4 करोड़ भक्तों के संगम तट पर डुबकी लगाने की उम्मीद है। इस मौके पर विभिन्न अखाड़ों के नागा साधुओं ने संगम में सबसे पहले पवित्र डुबकी लगाई। 


महाकुंभ के पहले अमृत स्नान पर संगम में सबसे पहले निरंजनी अखाड़ा, अटल अखाड़ा, महानिर्वाणी अखाड़ा और आनंद अखाड़ा ने पवित्र स्नान किया। आपको बता दें कि यह महाकुंभ 12 सालों के बाद आयोजित किया जा रहा है। साधु-संतों का दावा है कि इस आयोजन के लिए 144 वर्षों के बाद एक बहुत ही दुर्लभ मुहूर्त बना है, जो समुद्र मंथन के दौरान बना था। 


26 फरवरी तक चलने वाले महाकुंभ में शामिल होने के लिए देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु लगातार प्रयागराज पहुंच रहे हैं। महाकुंभ का आयोजन प्रयागराज में गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती नदियों के संगम स्थल, जिसे 'त्रिवेणी संगम' कहा जाता है, पर होता है। यह स्थान हिंदू धर्म में गहरी धार्मिक और आध्यात्मिक मान्यता रखता है।  संगम में स्नान को पापों से मुक्ति और मोक्ष प्राप्ति का मार्ग माना गया है।

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