ब्रेकिंग
MLC राहुल राज और बंशीधर ब्रजवासी की सदस्यता रद्द करने की मांग, RJD ने सभापति को सौंपा ज्ञापन✦Bihar Ration Card : अब राशन दुकानों पर AI की नजर! 60 हजार PDS दुकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार, फर्जी कार्ड और कालाबाजारी पर लगेगी लगाम✦ छठ से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन! KFC-डोमिनोज समेत कई दुकानों पर छापेमारी, गड़बड़ी मिलने पर लगा जुर्माना✦ IG से भिड़ने वाली महिला DSP को बड़ी राहत...सरकार ने दी क्लिनचिट, हाईकोर्ट के आदेश पर दुबारा पक्ष सुना गया, इसके बाद आरोप से किया गया मुक्त ✦बिहार TRE-4 में नौकरी की महाभारत! 33 हजार पदों के लिए 9.95 लाख युवाओं ने ठोकी दावेदारी, एक सीट पर 30 की टक्कर!✦MLC राहुल राज और बंशीधर ब्रजवासी की सदस्यता रद्द करने की मांग, RJD ने सभापति को सौंपा ज्ञापन✦Bihar Ration Card : अब राशन दुकानों पर AI की नजर! 60 हजार PDS दुकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार, फर्जी कार्ड और कालाबाजारी पर लगेगी लगाम✦ छठ से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन! KFC-डोमिनोज समेत कई दुकानों पर छापेमारी, गड़बड़ी मिलने पर लगा जुर्माना✦ IG से भिड़ने वाली महिला DSP को बड़ी राहत...सरकार ने दी क्लिनचिट, हाईकोर्ट के आदेश पर दुबारा पक्ष सुना गया, इसके बाद आरोप से किया गया मुक्त ✦बिहार TRE-4 में नौकरी की महाभारत! 33 हजार पदों के लिए 9.95 लाख युवाओं ने ठोकी दावेदारी, एक सीट पर 30 की टक्कर!

CBI रेड पर मोदी के सवाल पर भड़क गए शिवानंद, कहा.. राजनीतिक रूप से बालिग नहीं बीजेपी सांसद

PATNA : लालू परिवार पर हमला कर राजद के निशाने पर आ गए हैं बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी। लालू परिवार पर सीबीआई रेड के बाद से ही सुशील कुमार मोदी लगातार लालू प्रसाद

CBI रेड पर मोदी के सवाल पर भड़क गए शिवानंद, कहा.. राजनीतिक रूप से बालिग नहीं बीजेपी सांसद
Tejpratap
Tejpratap
3 मिनट

PATNA : लालू परिवार पर हमला कर राजद के निशाने पर आ गए हैं बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी। लालू परिवार पर सीबीआई रेड के बाद से ही सुशील कुमार मोदी लगातार लालू प्रसाद यादव सहित कई सवाल पूछ रहे हैं। ऐसे में राजद के वरिष्ठ नेता शिवानंद तिवारी ने सुशील मोदी को लेकर अब तंज कसते हुए हमला बोला है। 


शिवानंद तिवारी ने कहा कि सुशील मोदी की राजनीति अभी तक बालिग नहीं हो पाई। संभवतः इसीलिए इनकी पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व ने बिहार की राजनीति से उनको अलग किया था। जब दिल्ली ले जाए गए तो उनके भक्तों को उम्मीद थी कि बिहार में इतने लंबे समय तक वित्त विभाग को इन्होंने कुशलता से संभाला है। अब निर्मला सीतारमण की कुर्सी पर सुशील जी का बैठना तो पक्का ही है। लेकिन दिल्ली वालों ने तो इनके हल्केपन को पहचान कर ही बिहार को इनसे मुक्त कराया था। इसीलिए बिहार के मीडिया में बयान देने के लिए ही इनको खुला छोड़ दिया है।


लालू जी के यहां छापेमारी के मामले में अपने को काबिल साबित करने की हड़बड़ी में सुशील जी अपनी दिल्ली सरकार को ही नाकाबिल साबित कर रहे हैं। उनका दावा है कि लालू जी के खिलाफ सीबीआई जाँच की माँग को मनमोहन सिंह ने दबा दिया था। लेकिन मनमोहन सिंह की सरकार तो 2014 में ही चली गई थी। उसके बाद से अब तक तो यानी आठ वर्षों से तो दिल्ली में बड़े मोदी जी की ही सरकार है। यह सरकार इतनी नाकाबिल है कि छह वर्षों दबे उस ज्ञापन को खोज निकालने में उसको आठ वर्ष लग गए। वह भी कब जब नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव के बीच दूरी घटती हुई नज़र आ रही है। हमारा सवाल तो यही था। लालू यादव के यहाँ सीबीआई की छापेमारी कहीं नीतीश जी के लिए चेतावनी तो नहीं थी।