ब्रेकिंग
MLC राहुल राज और बंशीधर ब्रजवासी की सदस्यता रद्द करने की मांग, RJD ने सभापति को सौंपा ज्ञापन✦Bihar Ration Card : अब राशन दुकानों पर AI की नजर! 60 हजार PDS दुकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार, फर्जी कार्ड और कालाबाजारी पर लगेगी लगाम✦ छठ से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन! KFC-डोमिनोज समेत कई दुकानों पर छापेमारी, गड़बड़ी मिलने पर लगा जुर्माना✦ IG से भिड़ने वाली महिला DSP को बड़ी राहत...सरकार ने दी क्लिनचिट, हाईकोर्ट के आदेश पर दुबारा पक्ष सुना गया, इसके बाद आरोप से किया गया मुक्त ✦बिहार TRE-4 में नौकरी की महाभारत! 33 हजार पदों के लिए 9.95 लाख युवाओं ने ठोकी दावेदारी, एक सीट पर 30 की टक्कर!✦MLC राहुल राज और बंशीधर ब्रजवासी की सदस्यता रद्द करने की मांग, RJD ने सभापति को सौंपा ज्ञापन✦Bihar Ration Card : अब राशन दुकानों पर AI की नजर! 60 हजार PDS दुकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार, फर्जी कार्ड और कालाबाजारी पर लगेगी लगाम✦ छठ से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन! KFC-डोमिनोज समेत कई दुकानों पर छापेमारी, गड़बड़ी मिलने पर लगा जुर्माना✦ IG से भिड़ने वाली महिला DSP को बड़ी राहत...सरकार ने दी क्लिनचिट, हाईकोर्ट के आदेश पर दुबारा पक्ष सुना गया, इसके बाद आरोप से किया गया मुक्त ✦बिहार TRE-4 में नौकरी की महाभारत! 33 हजार पदों के लिए 9.95 लाख युवाओं ने ठोकी दावेदारी, एक सीट पर 30 की टक्कर!

ललित नारायण मिश्र हत्याकांड की 46 साल बाद फिर से जांच होगी, दिल्ली हाईकोर्ट का आदेश

PATNA : देश के पूर्व रेल मंत्री और कांग्रेस के दिग्गज नेता ललित नारायण मिश्रा की हत्याकांड की जांच 46 साल बाद एक बार फिर से होगी. दिल्ली हाईकोर्ट ने इस मामले में नया आदेश जारी किया

 ललित नारायण मिश्र हत्याकांड की 46 साल बाद फिर से जांच होगी, दिल्ली हाईकोर्ट का आदेश
First Bihar
2 मिनट

PATNA : देश के पूर्व रेल मंत्री और कांग्रेस के दिग्गज नेता ललित नारायण मिश्रा की हत्याकांड की जांच 46 साल बाद एक बार फिर से होगी. दिल्ली हाईकोर्ट ने इस मामले में नया आदेश जारी किया है. हाईकोर्ट ने 46 साल बाद एक बार फिर से ललित नारायण मिश्रा हत्याकांड की जांच का आदेश सीबीआई को नए सिरे से दिया है. याचिकाकर्ता के आवेदन पर सुविचार कर 6 हफ्ते में जवाब देने का निर्देश दिल्ली हाईकोर्ट ने दिया है.



आपको बता दें कि ललित नारायण मिश्रा के पोते वैभव मिश्रा की याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने यह आदेश दिया है. दरअसल ललित नारायण मिश्रा के परिवार की तरफ से 5 नवंबर 2020 को सीबीआई के सामने एक आवेदन देते हुए हत्याकांड की जांच नए सिरे से करने का आग्रह किया गया था. इसके बाद वैभव ने दिल्ली हाई कोर्ट में एक याचिका भी दायर की थी.


इस याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति सिद्धार्थ मृदुल और न्यायमूर्ति अनूप जयराम भंबानी की खंडपीठ ने यह आदेश दिया है. आपको बता दें कि 2 जनवरी 1975 को रेल मंत्री रहे ललित नारायण मिश्रा की हत्या एक बम विस्फोट के दौरान कर दी गई थी. वह समस्तीपुर मुजफ्फरपुर ब्रॉड गेज रेलवे लाइन का समस्तीपुर में उद्घाटन करने पहुंचे थे. इसी दौरान बम विस्फोट हुआ, जिसमें ललित नारायण मिश्र बुरी तरह से घायल हो गए और बाद में उनका निधन हो गया था.