DELHI: भारत में अब तलाक-तलाक-तलाक कहकर पत्नी को छोड़ देने का खेल नहीं चलेगा. देश की संसद ने तीन तलाक को नाजायज यानि गैरकानूनी करार देने का बिल पास कर दिया है. राज्यसभा ने आज तीन तलाक बिल को पास कर दिया. लोकसभा इसे पहले ही पास कर चुकी है. लिहाजा तीन तलाक पर कानून बनने का रास्ता पास हो गया है. इस बिल को राज्यसभा से पास कराना नरेंद्र मोदी सरकार की बडी सफलता मानी जा रही है. राज्यसभा में तीन तलाक बिल के पक्ष में 99 वोट पड़े, वहीं विरोध में सिर्फ 84 वोट ही पड़े.
AIADMK और JDU ने राह की आसान
दरअसल, इस बिल पर वोटिंग के दौरान एआईएडीएमके और जदयू ने सरकार की राह आसान कर दी. दोनों पार्टियों ने सदन का बहिष्कार कर दिया. वहीं नवीन पटनायक की BJD ने तीन तलाक बिल का समर्थन कर दिया. इन तीनों पार्टियों के रूख से साफ हो गया कि सरकार इस दफे बिल को राज्यसभा से पास कराने में सफल हो गई.
2017 से मोदी सरकार कर रही थी कोशिश
दरअसल अगस्त 2017 में ही सुप्रीम कोर्ट ने तीन तलाक को अवैध करार दिया था. इसके बाद से ही नरेंद्र मोदी सरकार तीन तलाक के खिलाफ कानून बनाने में लगी थी. लेकिन राज्यसभा में बहुमत न होने के कारण सरकार को अपनी कोशिशों में सफलता नहीं मिल रही थी. इस दफे सरकार ने वोट का मैनेजमेंट कर लिया था. लिहाजा सरकार बिल को लोकसभा के बाद राज्यसभा से भी पास कराने में सफल रही.
देश में अब तीन तलाक नाजायज, राज्यसभा से भी पास हुआ बिल, मोदी सरकार की बड़ी सफलता
DELHI: भारत में अब तलाक-तलाक-तलाक कहकर पत्नी को छोड़ देने का खेल नहीं चलेगा. देश की संसद ने तीन तलाक को नाजायज यानि गैरकानूनी करार देने का बिल पास कर दिया है. राज्यसभा ने आज तीन तलाक

