PATNA: राजधानी पटना में भाकपा माले की ओर से राज्य स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन का आयोजन किया गया. जिसमें सात प्रस्ताव पास किए गए. बिहार को सूखाग्रस्त घोषित करने, रेलवे, बीएसएएनएल व सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों के निजीकरण का विरोध करने, चमकी बुखार के लिए स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय की बर्खास्तगी की मांग को दुहराने, सामंती-सांप्रदायिक ताकतों के हमले का जोरदार विरोध करने, महिलाओं पर यौन उत्पीड़न व सामूहिक बलात्कार पर रोक लगाने की मांग की गयी है.
'भाजपा को उखाड़ फेंकना है'
सम्मेलन को संबोधित करते हुए माले महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने केन्द्र और राज्य सरकार पर निशाना साधा. उन्होने कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा ने झूठा प्रचार चुनाव जीता है. भाजपा के खिलाफ सशक्त आंदोलन खड़ा करना हमारा दायित्व बनता है. वहीं दीपांकर भट्टाचार्या ने नारा दिया कि- एकजुट रहो-मुकाबला करो.
'पानी का निजीकरण चाहती सरकार'
बिहार सरकार पर हमला बोलते हुए दीपांकर भट्टाचार्य ने कहा कि देश के अन्य राज्यों के साथ बिहार में पेयजल का घोर संकट है लेकिन यह संकट देश के बड़े नेताओं, कॉरपोरेट घरानों के लिए नहीं है बल्कि आम लोगों के लिए है. भोजन, राशन, शिक्षा की तरह मोदी सरकार पानी का भी निजीकरण कर देना चाहती है.
सबकुछ निजी कंपनियों के हाथ सौंपने की तैयारी कर रही है मोदी सरकार-दीपांकर भट्टाचार्या
PATNA: राजधानी पटना में भाकपा माले की ओर से राज्य स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन का आयोजन किया गया. जिसमें सात प्रस्ताव पास किए गए. बिहार को सूखाग्रस्त घोषित करने, रेलवे, बीएसएएनएल व सार्व

