ब्रेकिंग
दिल्ली में प्रोटेस्ट के बीच अभिजीत दिपके की दादी का निधन, 85 साल की उम्र में ली अंतिम सांस✦आइसक्रीम खाते ही 5-6 बच्चों की बिगड़ी तबीयत, मुंह में जलन और होंठ आपस में चिपकने की शिकायत✦पटना से दिल्ली जाने वाले रेल यात्रियों को बड़ी राहत, तेजस, राजधानी और संपूर्ण क्रांति समेत 4 ट्रेनें फिर से बहाल✦‘ज्ञानेश कुमार जाएंगे, यह सरकार भी जाएगी’, CJP के प्रदर्शन को राहुल गांधी का समर्थन✦EOU ने दारोगा को किया गिरफ्तार...पटना हाईकोर्ट के आदेश पर उत्पाद अधीक्षक व अन्य के खिलाफ दर्ज हुआ था केस✦दिल्ली में प्रोटेस्ट के बीच अभिजीत दिपके की दादी का निधन, 85 साल की उम्र में ली अंतिम सांस✦आइसक्रीम खाते ही 5-6 बच्चों की बिगड़ी तबीयत, मुंह में जलन और होंठ आपस में चिपकने की शिकायत✦पटना से दिल्ली जाने वाले रेल यात्रियों को बड़ी राहत, तेजस, राजधानी और संपूर्ण क्रांति समेत 4 ट्रेनें फिर से बहाल✦‘ज्ञानेश कुमार जाएंगे, यह सरकार भी जाएगी’, CJP के प्रदर्शन को राहुल गांधी का समर्थन✦EOU ने दारोगा को किया गिरफ्तार...पटना हाईकोर्ट के आदेश पर उत्पाद अधीक्षक व अन्य के खिलाफ दर्ज हुआ था केस

बारिश से उत्तर बिहार में हाहाकार, नदियों में उफान से बाढ़ के हालात

PATNA : राज्य में लगातार हो रही बारिश ने उत्तर बिहार के अंदर हाहाकार की स्थिति ला दी है। उत्तर बिहार में पिछले 54 साल का रिकॉर्ड बारिश ने तोड़ दिया है। जुलाई के महीने में किसी एक दिन

FirstBihar
Admin
2 मिनट
PATNA : राज्य में लगातार हो रही बारिश ने उत्तर बिहार के अंदर हाहाकार की स्थिति ला दी है। उत्तर बिहार में पिछले 54 साल का रिकॉर्ड बारिश ने तोड़ दिया है। जुलाई के महीने में किसी एक दिन के अंदर 125 मिलीमीटर बारिश का नया रिकॉर्ड बना है। लगातार बारिश की वजह से उत्तर बिहार के अंदर बहने वाली ज्यादातर नदियों के जलस्तर में वृद्धि हुई है, जिसके कारण बाढ़ के हालात पैदा हो गए। नेपाल के तराई वाले इलाकों में लगातार बारिश के बाद कोसी का जलस्तर दो लाख क्यूसेक को पार कर गया है। नेपाल सरकार ने हाई अलर्ट भी जारी कर रखा है। कोसी बराज पर भारी जल दबाव के कारण 56 में से 26 फाटक खोलने पड़े हैं। कोसी के जलस्तर में लगातार वृद्धि होने की संभावना है क्योंकि अगले 24 घंटे तक इस पूरे इलाके में बारिश का अलर्ट जारी है। कोसी महासेतु के पास स्थित गाईड बांध के पास बना सुरक्षा तटबंध भारी जलदबाव झेल रहा है। इस बात को टूटने से बचाने के लिए लगातार काम चल रहा है। प्रशासन के साथ-साथ जल संसाधन विभाग के अधिकारी इस प्रयास में लगे हुए हैं कि सुरक्षा तटबंध न टूटे। उधर मधुबनी जिले में भी कमला बलान नदी उफान पर है। कमला नदी खतरे के निशान से 31 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। जबकि पूर्वी चंपारण जिले में बारिश ने पिछले 20 साल का रिकॉर्ड तोड़ते हुए एक दिन में 282 मिलीमीटर का नया रिकॉर्ड बनाया है।
रिपोर्टिंग
2

रिपोर्टर

2

FirstBihar संवाददाता