तेजप्रताप का पैंतरा कर गया काम, आखिरकार लालू-राबड़ी को आना पड़ा बड़े बेटे के घर

तेजप्रताप का पैंतरा कर गया काम, आखिरकार लालू-राबड़ी को आना पड़ा बड़े बेटे के घर

PATNA : आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के पटना पहुंचते ही पैंतरा लेने वाले बड़े लाल तेज प्रताप यादव ने आखिरकार अपने माता-पिता से बात मनवा ली है। तेज प्रताप यादव लालू यादव को अपने घर बुलाने के लिए धरने पर बैठ गए थे और अब तकरीबन डेढ़ घंटे बाद लालू और राबड़ी तेज प्रताप के स्टैंड रोड आवास पहुंचे हैं।


आपको बता दें कि आज शाम आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव जब दिल्ली से पटना पहुंचे तो उनका स्वागत करने के लिए तेज प्रताप भी एयरपोर्ट पर आए थे। तेजप्रताप अपने पिता की अगवानी की और उसके बाद 10 सर्कुलर आवास तक आए लेकिन पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के आवास के अंदर तेजप्रताप नहीं गए। राबड़ी आवास के गेट से वापस लौटते वक्त पर तेजप्रताप ने आरोप लगाया कि उनको जगदानंद सिंह, सुनील सिंह और संजय यादव ने अपमानित किया है। इसके बाद तेजप्रताप अपने स्थित आवास जाकर धरने पर बैठ गए।


अपने बड़े बेटे तेजप्रताप यादव के इस पैंतरे के सामने लालू यादव को भी झुकना पड़ा। लालू यादव राबड़ी देवी के साथ आखिरकार अपने बेटे तेज के घर पहुंचे हैं लालू के घर पहुंचने पर तेजप्रताप ने उनका पांव धोया है। 


लालू प्रसाद तेज प्रताप यादव से मिलने उनके आवास पहुंचे तेज प्रताप यादव ने पैर धोकर लालू प्रसाद का आशीर्वाद लिया। उसके बाद मीडिया से मुखातिब होकर तेज प्रताप यादव ने एक बार फिर उन तमाम लोगों पर निशाना साधा जिनके ऊपर वह आरोप लगाते आ रहे हैं।


 तेज प्रताप यादव लालू से मिलने के बाद बोले कि आधी जंग में जीत गया हूं और लड़ाई जारी रहेगी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि मैं अपने स्टैंड पर अब भी कायम हूं। मैं तब तक राजद से दूर रहूंगा जब तक कि प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह रहेंगे। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि जो भी मेरे और मेरे पिता के बीच आ रहा है उनके लिए यह एक बड़ा तमाचा है। 


सामंतवादी विचारधारा के लोग झूठे मुकदमें में फंसा कर हमारे पिताजी को जेल में बंद करने का काम किया। आज उनका दूध का दूध पानी का पानी हो गया। हमारा मांग था कि हमारे पिताजी दो मिनट के लिए ही हमारे घर पर आए। हमने आधी लड़ाई जीतने का काम किया है। हमकों परिवार और जनता से मतलब है कौन क्या कहता है उस पर हम ध्यान नहीं देते।