ब्रेकिंग
बिहार में समाज कल्याण विभाग का बड़ा फेरबदल, 151 सीडीपीओ का तबादलायमुना एक्सप्रेसवे पर भीषण हादसा: ट्रेलर में घुसी वॉल्वो बस, 4 की मौत 27 घायल, कंडक्टर चला रहा था बसदिल्ली में 21.4 करोड़ का 15 KG सोना जब्त, थाईलैंड से आए पार्सल के साथ 4 गिरफ्तारपटना में ट्रैफिक को लेकर जरूरी अलर्ट: सड़क मरम्मत के कारण रात में बड़ा बदलाव, इन सड़कों पर यातायात रहेगा बंदसासाराम में फर्जी डिग्री वाले 13 शिक्षक बर्खास्त, वेतन वसूली का भी आदेशबिहार में समाज कल्याण विभाग का बड़ा फेरबदल, 151 सीडीपीओ का तबादलायमुना एक्सप्रेसवे पर भीषण हादसा: ट्रेलर में घुसी वॉल्वो बस, 4 की मौत 27 घायल, कंडक्टर चला रहा था बसदिल्ली में 21.4 करोड़ का 15 KG सोना जब्त, थाईलैंड से आए पार्सल के साथ 4 गिरफ्तारपटना में ट्रैफिक को लेकर जरूरी अलर्ट: सड़क मरम्मत के कारण रात में बड़ा बदलाव, इन सड़कों पर यातायात रहेगा बंदसासाराम में फर्जी डिग्री वाले 13 शिक्षक बर्खास्त, वेतन वसूली का भी आदेश

ज्ञानवापी केस में फैसला सुनाने वाले जज को फिर मिली धमकी, विदेशी नंबर से आया Threat वाला कॉल

DESK: वाराणसी के चर्चित ज्ञानवापी केस में फैसला सुनाने वाले जज रवि दिवाकर को फिर से धमकियां मिल रही हैं। विदेश से धमकी भरा कॉल आने के बाद न्यायमूर्ति ने बरेली के एसपी को पत्र लिखकर

ज्ञानवापी केस में फैसला सुनाने वाले जज को फिर मिली धमकी, विदेशी नंबर से आया Threat वाला कॉल
Mukesh Srivastava
2 मिनट

DESK: वाराणसी के चर्चित ज्ञानवापी केस में फैसला सुनाने वाले जज रवि दिवाकर को फिर से धमकियां मिल रही हैं। विदेश से धमकी भरा कॉल आने के बाद न्यायमूर्ति ने बरेली के एसपी को पत्र लिखकर इसकी जानकारी दी और सुरक्षा को बढ़ाने की मांग की है।


रिपोर्ट्स के मुताबिक, बीते 15 अप्रैल की शाम करीब पौने नौ बजे विदेशी नंबर से जज रवि दिवाकर के पर्सनल मोबाइल नंबर पर फोन आया और उन्हें धमकी दी गई। पिछले 20-25 दिन के भीतर उनके मोबाइल पर उस नंबर से कई बार फोन आए लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस पूरे मामले के छानबीन में जुट गई है।


बता दें कि वाराणसी में ज्ञानवापी केस में फैसला सनाने के बाद से ही जज रवि दिवाकर को धमकिया मिल रही हैं। पहली बार धमकी मिलने के बाद वाराणसी से उनका तबादला बरेली कर दिया गया था। पुलिस की तरफ से उनके और उनके परिवार की सुरक्षा भी बढ़ा दी गई थी।


ज्ञानवापी फैसले के बाद जज रवि दिवाकर द्वारा अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर चिंता जताने पर इलाहाबाद हाई कोर्ट ने उनके और उनके परिवार को वाई श्रेणी की सुरक्षा देने का आदेश दिया था हालांकि किसी कारण वश उनकी सुरक्षा को वाई श्रेणी से घटाकर एक्स श्रेणी कर दिया गया था।