ब्रेकिंग
बिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था का हाल देखिये, 3 दिन से लिफ्ट खराब, मरीजों को कंधे पर उठाकर वार्ड पहुंचाने की नौबतBihar Top News: बंटी हत्याकांड से लेकर बांकीपुर उपचुनाव तक, पढ़ें दिनभर की 10 बड़ी खबरेंबांकीपुर उपचुनाव: बीजेपी के स्टार प्रचारकों में मनोज तिवारी, पवन सिंह और मैथिली ठाकुर शामिल, 40 नामों की सूची जारीihar Transfer-Posting: बिहार सरकार ने बदले तबादला आदेश... कई अफसरों का ट्रांसफर रद्द, जानें...बांकीपुर उपचुनाव: भाजपा ने जारी की 40 स्टार प्रचारकों की लिस्ट, सम्राट चौधरी और नितिन नबीन करेंगे प्रचारबिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था का हाल देखिये, 3 दिन से लिफ्ट खराब, मरीजों को कंधे पर उठाकर वार्ड पहुंचाने की नौबतBihar Top News: बंटी हत्याकांड से लेकर बांकीपुर उपचुनाव तक, पढ़ें दिनभर की 10 बड़ी खबरेंबांकीपुर उपचुनाव: बीजेपी के स्टार प्रचारकों में मनोज तिवारी, पवन सिंह और मैथिली ठाकुर शामिल, 40 नामों की सूची जारीihar Transfer-Posting: बिहार सरकार ने बदले तबादला आदेश... कई अफसरों का ट्रांसफर रद्द, जानें...बांकीपुर उपचुनाव: भाजपा ने जारी की 40 स्टार प्रचारकों की लिस्ट, सम्राट चौधरी और नितिन नबीन करेंगे प्रचार

झारखंड की मंत्री दीपिका के साथ CM की पत्नी ने बनाया चाय, कहा-हम किचन और रण दोनों संभालते हैं

DESK: कोल्हान के मनोहरपुर में मंईयां सम्मान यात्रा के समापन के बाद झारखंड के सीएम की पत्नी कल्पना सोरेन और मंत्री दीपिका पांडेय ने अपने हाथों से चाय बनाकर वहां मौजूद लोगों को

झारखंड की मंत्री दीपिका के साथ CM की पत्नी ने बनाया चाय, कहा-हम किचन और रण दोनों संभालते हैं
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

DESK: कोल्हान के मनोहरपुर में मंईयां सम्मान यात्रा के समापन के बाद झारखंड के सीएम की पत्नी कल्पना सोरेन और मंत्री दीपिका पांडेय ने अपने हाथों से चाय बनाकर वहां मौजूद लोगों को पिलाया। कल्पना सोरेन ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर चाय बनाने का वीडियो पोस्ट किया है। कल्पना ने लिखा है कि हम किचन और रण दोनों संभालते हैं..


कोल्हान के मनोहरपुर में मंईयां सम्मान यात्रा के समापन के मौके पर बीजेपी पर जमकर हमला बोलते हुए कल्पना सोरेन ने मंच से कहा कि हेमंत सोरेन ऐसे पहले मुख्यमंत्री है जो महिलाओं के लिए मंईयां सम्मान योजना लेकर आए। आज हम अपनी परंपरा, भाषा, पहचान को बचाने के लिए निरंतर लड़ाई लड़ रहे है। हो भाषा को संविधान की आठवीं अनूसूची में शामिल कराकर रहेंगे। लेकिन केंद्र में बैठे आदिवासी नेता इसे लेकर आवाज नहीं उठाते हैं। जबकि सारंडा और किरीबुरू का जंगल आदिवासियों की पहचान है। 


कल्पना सोरेन ने मंच से कहा कि हम पैसे से नहीं बल्कि अपनी संस्कृति, भाषा और परंपरा से संपन्न है। केंद्र सरकार को यदि आदिवासियों की इनती ही चिंता है तो वो जो शहद, मरूआ, अनाज को सही मूल्य दें। झारखंड की हरी भरी वादियों को उजाड़ने का काम हो रहा है। छत्तीसगढ़ में हसदेव जंगल को काटकर बर्बाद किया गया है। जो लोग हमारे जल-जंगल-जमीन-पहचान को छीनने का प्रयास कर रहे हैं उनके खिलाफ हमारी लड़ाई आगे भी जारी रहेगी। हेमंत सोरेन यह लड़ाई अकेले लड़ रहे हैं इसमें आदिवासी समाज को भी आगे आना होगा। कल्पना सोरेन ने बीजेपी पर हमला बोलते हुए लोगों से कहा कि आप लोग सिर्फ बहरूपियों से बचकर रहियेगा। उनकी गोल मटोल बातों में मत फसिएगा। अपने आत्मविश्वास और स्वाभिमान पर विश्वास बनाए रखें।  




टैग्स