ब्रेकिंग
पुलिस हेडक्वार्टर के सामने युवक की लाश मिलने से सनसनी, शव की पहचान करने में जुटी पुलिस धान खरीद में अनियमितता को लेकर EOU की जांच तेज, प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंपहोम्योपैथिक क्लिनिक की आड़ में चल रहा था अवैध स्प्रिट का काला खेल, उत्पाद विभाग संचालक को किया गिरफ्तारखराब सड़क-पुल पर ठेकेदारों की खैर नहीं, 82 अधिकारियों की टीम करेगी जांचKISHANGANJ: ठाकुरगंज में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा: 4.04 लाख की निकासी पर घमासान, कागजों पर बनी सड़क, जमीन पर गायबपुलिस हेडक्वार्टर के सामने युवक की लाश मिलने से सनसनी, शव की पहचान करने में जुटी पुलिस धान खरीद में अनियमितता को लेकर EOU की जांच तेज, प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंपहोम्योपैथिक क्लिनिक की आड़ में चल रहा था अवैध स्प्रिट का काला खेल, उत्पाद विभाग संचालक को किया गिरफ्तारखराब सड़क-पुल पर ठेकेदारों की खैर नहीं, 82 अधिकारियों की टीम करेगी जांचKISHANGANJ: ठाकुरगंज में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा: 4.04 लाख की निकासी पर घमासान, कागजों पर बनी सड़क, जमीन पर गायब

शराबी की मदद करने में DSP पर बड़ी कार्रवाई, सरकार ने 3 साल के लिए रोकी वेतन वृद्धि

PATNA : इस वक्त एक बड़ी खबर पटना से सामने आ रही है. जहां गृह विभाग की ओर से एक नई अधिसूचना जारी की गई है. इस नए आदेश के मुताबिक शराब जब्ती मामले में बड़ी लापरवाही बरतने को लेकर

FirstBihar
First Bihar
3 मिनट

PATNA : इस वक्त एक बड़ी खबर पटना से सामने आ रही है. जहां गृह विभाग की ओर से एक नई अधिसूचना जारी की गई है. इस नए आदेश के मुताबिक शराब जब्ती मामले में बड़ी लापरवाही बरतने को लेकर विभाग की ओर से कड़ी कार्रवाई की गई है. सरकार की ओर से जारी आर्डर के मुटबैक पटना के तत्कालीन डीएसपी कैलाश प्रसाद की 3 वेतनवृद्धियां रोक दी गई हैं. 



गृह विभाग की ओर से जारी नए आदेश के मुताबिक मामला 26 अप्रैल 2016 का है. जब पटना के आलिशान होटल पनास में तत्कालीन डीएसपी कैलाश प्रसाद के नेतृत्व में छापेमारी की गई थी. इस छापेमारी में सीनियर अफसर के रूप में शामिल होने के बावजूद भी अपेक्षित कार्रवाई अधिकारी के ओर से नहीं की गई. इस मामले में डीएसपी की ओर से कई बड़ी लापरवाही पाई गई.  बता दें कि बिहार में शराबबंदी लागू होने के तत्काल बाद राजधानी पटना के बड़े होटल पनास में पकड़े गए शराबियों को तत्कालीन डीएसपी कैलाश प्रसाद ने मदद पहुंचाई थी. इस मामले में कैलाश प्रसाद के खिलाफ विभागीय कार्यवाही चल रही थी. जिसमें उनको दोषी पाया गया है कैलाश प्रसाद की वेतन वृद्धि में तीन कटौती की गई है. 


अप्रैल 2016 में रात तकरीबन 10 बजे होटल पनास में पुलिस ने छापेमारी की थी. जिसमें पटना के कुछ बड़े कारोबारियों के साथ सूरत के कपड़ा व्यवसाय से जुड़े कारोबारी शराब पीते पकड़े गए थे. यह मामला अपने आप में बेहद हाईप्रोफाइल था खेतान मार्केट में कपड़े की दुकान चलाने वाले कारोबारी भी इस लपेटे में आए थे. गृह विभाग की ओर से अप्रैल 2017 में जवाब मांगी गई थी. डीएसपी ने अगस्त 2017 में अपना जवाब सौंपा था. जिससे विभाग असंतुष्ट रहा. 12 दिसंबर 2018 में स्पेशल ब्रांच के आईजी को संचालन पदाधिकारी के रूप में नियुक्त करते हुए विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा की गई. आईजी की ओर से 11 सितंबर 2019 को जांच रिपोर्ट सौंपी गई. उसके बाद बीपीएससी की ओर से कार्रवाई की सहमति बनने के बाद सरकार की ओर से बड़ी करवाई की गई. बिहार सरकार ने आरोपी डीएसपी कैलाश प्रसाद की 3 वेतनवृद्धियां रोक दी गई हैं. यानी कि अगले 3 साल के लिए इनकी इंक्रीमेंट रोक दी गई है. 


शराबी की मदद करने में DSP पर बड़ी कार्रवाई, सरकार ने 3 साल के लिए रोकी वेतन वृद्धि

शराबी की मदद करने में DSP पर बड़ी कार्रवाई, सरकार ने 3 साल के लिए रोकी वेतन वृद्धि

टैग्स
इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

First Bihar

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

संबंधित खबरें