ब्रेकिंग
बिहार के कोचिंग संस्थानों पर हाई कोर्ट में PIL दायर, मानकों के उल्लंघन की जांच की मांगशिक्षा विभाग में DPO प्रतिनियुक्ति का बड़ा खेल ! सारण ही नहीं मोतिहारी डीपीओ भी 4 सालों से हैं 'डेपूटेशन' पर, तबादला के बाद फिर से पूर्वी चंपारण में करा ली थी वापसी, खुलासे के बाद उठे गंभीर सवाल ‘अगर कोई हम पर रिवॉल्वर तानता है तो उसे कैसे छोड़ा जा सकता है’, भरत तिवारी एनकाउंटर पर फिर बोले जीतन राम मांझीभरत तिवारी को न्याय दिलाने की मांग तेज, 17 जुलाई को जंतर-मंतर पर धरना, जांच पर उठे सवालAadhaar यूजर्स के लिए बड़ा बदलाव: mAadhaar ऐप बंद, UIDAI ने लॉन्च किया नया Aadhaar App; जानें.. नए फीचर्सबिहार के कोचिंग संस्थानों पर हाई कोर्ट में PIL दायर, मानकों के उल्लंघन की जांच की मांगशिक्षा विभाग में DPO प्रतिनियुक्ति का बड़ा खेल ! सारण ही नहीं मोतिहारी डीपीओ भी 4 सालों से हैं 'डेपूटेशन' पर, तबादला के बाद फिर से पूर्वी चंपारण में करा ली थी वापसी, खुलासे के बाद उठे गंभीर सवाल ‘अगर कोई हम पर रिवॉल्वर तानता है तो उसे कैसे छोड़ा जा सकता है’, भरत तिवारी एनकाउंटर पर फिर बोले जीतन राम मांझीभरत तिवारी को न्याय दिलाने की मांग तेज, 17 जुलाई को जंतर-मंतर पर धरना, जांच पर उठे सवालAadhaar यूजर्स के लिए बड़ा बदलाव: mAadhaar ऐप बंद, UIDAI ने लॉन्च किया नया Aadhaar App; जानें.. नए फीचर्स

Ram Mandir Fraud: श्रद्धा के नाम पर बड़ी ठगी, प्रसाद भेजने की बात कह वसूले 3.85 करोड़; शातिरों ने रामलला को भी नहीं छोड़ा

Ram Mandir Fraud: अयोध्या में राम मंदिर के प्रसाद के नाम पर 3.85 करोड़ की ऑनलाइन ठगी का मामला सामने आया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर 2.15 करोड़ की राशि पीड़ितों को वापस दिलाई. साइबर धोखाधड़ी से जुड़ी यह बड़ी रिकवरी मानी जा रही है.

Ram Mandir Fraud
प्रतिकात्मक
© google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Ram Mandir Fraud: जनवरी 2024 में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के पावन अवसर पर जब पूरी राम नगरी दीपों से जगमगा रही थी, उसी दौरान एक साइबर अपराधी ने श्रद्धा को कारोबार बना डाला। आरोपी ने राम मंदिर के प्रसाद वितरण के नाम पर 6 लाख 30 हजार से अधिक श्रद्धालुओं को ऑनलाइन ठग लिया।


आरोपी आशीष ने सोशल मीडिया और अन्य ऑनलाइन माध्यमों के जरिए एक वेबसाइट और पेमेंट गेटवे बनाया, जहां श्रद्धालुओं से मात्र 51 में रामलला का प्रसाद घर तक पहुंचाने का वादा किया गया। लोगों ने श्रद्धा के साथ पैसे भेजे, लेकिन किसी को प्रसाद नहीं मिला।


इस फर्जी योजना से 3.85 करोड़ की ठगी की गई। शिकायत मिलने पर अयोध्या साइबर थाना ने तत्काल मुकदमा दर्ज किया और एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर के नेतृत्व में आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। अयोध्या पुलिस ने 3.85 करोड़ में से 2.15 करोड़ रुपए फ्रीज कर पीड़ितों के खातों में वापस करा दिए हैं। बाकी 1.70 करोड़ की रिकवरी प्रक्रिया जारी है, जिसे जल्द लौटाए जाने का दावा किया जा रहा है।


यह मामला साइबर अपराध के इतिहास में अब तक की सबसे बड़ी रिकवरी में से एक है और यह श्रद्धा के नाम पर हो रहे ऑनलाइन धोखाधड़ी के खिलाफ एक बड़ी चेतावनी भी है। पुलिस ने अपील की है कि कोई भी धार्मिक सेवा या योजना, चाहे वह भगवान के नाम पर हो या किसी मंदिर से जुड़ी हो, उसे पहले जांचें, सत्यापित करें और सोच-समझकर ही धन भेजें।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता