ब्रेकिंग
Bihar School Vehicle Rules: बिहार में स्कूली गाड़ियों पर बड़ा एक्शन, अब स्कूल परिसर में ही खड़ी होंगी बच्चों की गाड़ियां✦Anant Singh : “कुत्ता नहीं पूछेगा...” JDU से निकाले जाने के बाद संजय झा और कुशवाहा पर भड़के अनंत सिंह, कहा - औकात पता चल जाएगा, केकड़ा-बिच्छू सब मालिक बना है✦Bihar Politics: JDU से निष्कासन के बाद अनंत सिंह का बड़ा हमला, बोले- जिसने पार्टी बनाई वही नहीं चला पा रहा; अब 12 सीटों पर सिमट जाएगी JDU✦Bihar Politics : अनंत सिंह को JDU ने क्यों निकाला? निशांत से विवाद से लेकर ललन सिंह की बैठक तक, जानिए अंदर की पूरी कहानी✦Bihar News : पटना में बीच सड़क गैराज मालिक का मर्डर, अब आरोपी का पुलिस एनकाउंटर; पैर में लगी गोली✦Bihar School Vehicle Rules: बिहार में स्कूली गाड़ियों पर बड़ा एक्शन, अब स्कूल परिसर में ही खड़ी होंगी बच्चों की गाड़ियां✦Anant Singh : “कुत्ता नहीं पूछेगा...” JDU से निकाले जाने के बाद संजय झा और कुशवाहा पर भड़के अनंत सिंह, कहा - औकात पता चल जाएगा, केकड़ा-बिच्छू सब मालिक बना है✦Bihar Politics: JDU से निष्कासन के बाद अनंत सिंह का बड़ा हमला, बोले- जिसने पार्टी बनाई वही नहीं चला पा रहा; अब 12 सीटों पर सिमट जाएगी JDU✦Bihar Politics : अनंत सिंह को JDU ने क्यों निकाला? निशांत से विवाद से लेकर ललन सिंह की बैठक तक, जानिए अंदर की पूरी कहानी✦Bihar News : पटना में बीच सड़क गैराज मालिक का मर्डर, अब आरोपी का पुलिस एनकाउंटर; पैर में लगी गोली

बिहार में NET अभ्यर्थियों को झटका: करियर गाइडेंस सेंटर में एडमिशन बंद, छात्रों का भविष्य संकट में

बिहार के छात्रों के लिए एक ऐसा फैसला सामने आया है जिसने हजारों सपनों पर सवाल खड़ा कर दिया है। आखिर क्यों अचानक रुक गए सस्ते और भरोसेमंद UGC NET कोचिंग सेंटर के दाखिले? वजह जानकर आप भी हैरान रह जाएंगे…

बिहार में NET अभ्यर्थियों को झटका: करियर गाइडेंस सेंटर में एडमिशन बंद, छात्रों का भविष्य संकट में
Ramakant kumar
3 मिनट

बिहार में यूजीसी नेट की तैयारी कर रहे सैकड़ों छात्रों के लिए एक बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आई है। आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के विद्यार्थियों के लिए चलाए जा रहे करियर गाइडेंस सेंटर में नए दाखिले पर फिलहाल रोक लगा दी गई है। इस फैसले ने खासकर उन छात्रों को झटका दिया है, जो कम खर्च में बेहतर तैयारी का सपना देख रहे थे।


जानकारी के अनुसार, यह सेंटर वर्ष 2022 में शुरू किया गया था और इसका उद्देश्य ऐसे छात्रों को मदद देना था जो महंगे कोचिंग संस्थानों का खर्च नहीं उठा सकते। पटना विश्वविद्यालय परिसर में संचालित इस सेंटर में नियमित कक्षाएं चलती थीं और छह महीने का एक व्यवस्थित कोर्स तैयार किया गया था, जिससे छात्रों को UGC NET की तैयारी में सहूलियत मिलती थी।


हाल ही में बिहार राज्य पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास निगम की ओर से राज्य के सभी विश्वविद्यालयों को एक सख्त निर्देश जारी किया गया है। इस पत्र में स्पष्ट कहा गया है कि बिना विभागीय अनुमति कोई भी नया नामांकन नहीं लिया जाएगा। साथ ही यह भी चेतावनी दी गई है कि अगर कोई विश्वविद्यालय इस आदेश का उल्लंघन करता है तो उसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित संस्थान की होगी।


इस फैसले का असर सिर्फ एक विश्वविद्यालय तक सीमित नहीं है, बल्कि राज्य के कई प्रमुख शिक्षण संस्थान इससे प्रभावित हुए हैं। इनमें पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय, मगध विश्वविद्यालय, ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय, तिलकामांझी विश्वविद्यालय भागलपुर, मधेपुरा विश्वविद्यालय और मुजफ्फरपुर विश्वविद्यालय शामिल हैं, जहां यह सेंटर पहले से संचालित हो रहा था।


फिलहाल इन सेंटरों में पहले से नामांकित छात्रों की पढ़ाई जारी रहेगी। उदाहरण के तौर पर पटना विश्वविद्यालय में करीब 240 छात्र इस समय नामांकित हैं, जिनमें से आधे छात्रों का कोर्स जून तक पूरा हो जाएगा। बाकी छात्र भी अपने तय शेड्यूल के अनुसार पढ़ाई कर रहे हैं।


इस सेंटर की सफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अब तक यहां से पढ़ाई कर चुके 42 छात्र UGC NET में सफलता हासिल कर चुके हैं। यह आंकड़ा बताता है कि यह पहल जरूरतमंद छात्रों के लिए कितनी अहम साबित हो रही थी।


सेंटर के निदेशक प्रो. कामेश्वर पंडित का कहना है कि इस फैसले का सबसे ज्यादा असर गरीब और पिछड़े वर्ग के छात्रों पर पड़ेगा, जो इस सुविधा पर निर्भर थे। अब नए दाखिले पर रोक लगने से उनके पास विकल्प सीमित हो गए हैं।