ब्रेकिंग
पुलिस हेडक्वार्टर के सामने युवक की लाश मिलने से सनसनी, शव की पहचान करने में जुटी पुलिस धान खरीद में अनियमितता को लेकर EOU की जांच तेज, प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंपहोम्योपैथिक क्लिनिक की आड़ में चल रहा था अवैध स्प्रिट का काला खेल, उत्पाद विभाग संचालक को किया गिरफ्तारखराब सड़क-पुल पर ठेकेदारों की खैर नहीं, 82 अधिकारियों की टीम करेगी जांचKISHANGANJ: ठाकुरगंज में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा: 4.04 लाख की निकासी पर घमासान, कागजों पर बनी सड़क, जमीन पर गायबपुलिस हेडक्वार्टर के सामने युवक की लाश मिलने से सनसनी, शव की पहचान करने में जुटी पुलिस धान खरीद में अनियमितता को लेकर EOU की जांच तेज, प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंपहोम्योपैथिक क्लिनिक की आड़ में चल रहा था अवैध स्प्रिट का काला खेल, उत्पाद विभाग संचालक को किया गिरफ्तारखराब सड़क-पुल पर ठेकेदारों की खैर नहीं, 82 अधिकारियों की टीम करेगी जांचKISHANGANJ: ठाकुरगंज में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा: 4.04 लाख की निकासी पर घमासान, कागजों पर बनी सड़क, जमीन पर गायब

तेलंगाना से 1547 मजदूरों को लेकर सीतामढ़ी पहुंची श्रमिक स्पेशल ट्रेन, प्रवासियों ने घर पहुंचते ही धरती को किया प्रणाम

SITAMARHI : तेलंगाना के बीवी नगर स्टेशन से 1547 श्रमिकों को लेकर श्रमिक स्पेशल ट्रेन सीतामढ़ी पहुंची. यह सीतामढ़ी पहुंचने वाली छठी स्पेशल ट्रेन है. इस श्रमिक स्पेशल ट्रेन में सीतामढ़ी के 656

FirstBihar
Anamika
3 मिनट

SITAMARHI : तेलंगाना के बीवी नगर स्टेशन से 1547 श्रमिकों को लेकर  श्रमिक स्पेशल ट्रेन सीतामढ़ी पहुंची. यह सीतामढ़ी पहुंचने वाली छठी स्पेशल ट्रेन है. इस श्रमिक स्पेशल ट्रेन में सीतामढ़ी के 656 एवं अन्य जिलों के 891 श्रमिक थे.बिहार की धरती पर पांव रखते ही उनकी चेहरे को देखकर ही उनकी खुशी को समझा जा सकता था. कई ने तो उतरते ही अपनी बिहार की धरती को चूम लिया.

स्टेशन पर उतरते ही सभी यात्रियों को सामाजिक दूरी का पालन करवाते हुए एक-एक कर उनकी स्क्रीनिंग की गई. उनके सामानों को सैनिटाइज किया गया .तेलंगना से आए प्रवासियों ने बताया कि अपनी बिहार की भूमि पर पहुंचकर वे अपनी सारी तकलीफ और थकान को भूल गए हैं. उन्होंने सीतामढ़ी में अपनी शानदार स्वागत के लिए भी जिला प्रशासन और सरकार को धन्यवाद दिया.  सूचना एवं जनसंपर्क की टीम द्वारा प्रवासी श्रमिकों का रैंडम सर्वे भी किया गया. 

 प्रवासियों ने बताया कि वे लोग तेलंगाना के सिकंदराबाद आदि शहरों में मिठाई बनाने के कारखानों, प्लाईवुड की फैक्ट्री आदि जगहों में कार्य करते थे. कई श्रमिकों ने बताया कि उनके प्रतिष्ठान  या फैक्ट्री के मालिकों द्वारा उनका बकाया पैसा अभी तक नहीं दिया गया है. सभी श्रमिकों को कोरोना महामारी से बचाव से संबंधित जानकारी भी दी गई. उनके बीच मास्क का भी वितरण किया गया. उन्हें बताया गया कि क्वारेंटाइन कैंप में  उनका जॉब कार्ड भी  बनाया जाएगा. अधिकांश श्रमिकों ने बताया कि जिला में उनके अनुकूल कोई कार्य मिलता है तो वे बाहर जाना पसंद नहीं करेंगे. स्पेशल ट्रेन से सीतामढ़ी के कुल 656 श्रमिक आए जिन्हें 41 बसों के द्वारा उनके संबंधित क्वारेंटाइन कैंप में भेजा गया. बैरगनिया के 6 मेजरगंज के 26 सूप्पी के 7 , रीगा के 29 डुमरा के 52 ,रुन्नीसैदपुर के 39 ,परिहार के 46 ,सोनबरसा के 28, बथनाहा के 59 पुपरी के 117, बाजपट्टी के 36 ,बोखरा का 24 ,नानपुर का 67, सुरसंड का 49, बेलसंड का 21,परसौनी का 43 श्रमिक थे. इसके अतिरिक्त अन्य जिलों से के 891 प्रवासी श्रमिक  आए , जिनमें अररिया के 11 वैशाली 3 बांका 5 भागलपुर 1 ईस्ट चंपारण 6 गया 6 जमुई 1 कैमूर 3 लखीसराय 4 मधेपुरा 2 मधुबनी 771 मुजफ्फरपुर 8, नवादा 5 पटना 1 रोहतास एक सहरसा 6 समस्तीपुर 11 सारण 12 वेस्ट चंपारण 14 दरभंगा 3 नालंदा 4 पूर्णिया 4 शिवहर 6 सिवान दो नेपाल के एक श्रमिक हैं.

इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

Anamika

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

संबंधित खबरें