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स्वच्छता में पटना फिर फिसड्डी, नगर निगम के सारे दावे फेल

PATNA : स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 की नई रैंकिंग में पटना 47वें पायदान पर है. 10 लाख से ज्यादा आबादी वाले साफ़ शहरों की नेशनल इंडेक्स में पटना को 47वां स्थान मिला है. जो कि सू

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PATNA : स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 की नई रैंकिंग में पटना 47वें पायदान पर है. 10 लाख से ज्यादा आबादी वाले साफ़ शहरों की नेशनल इंडेक्स में पटना को 47वां स्थान मिला है.  जो कि सूची में सबसे अंतिम पायदान पर है. यानी कि पटना स्वच्छता के मामले में सबसे फिसड्डी शहर है. हर 3 महीने के बाद जारी होने वाले इस रैंकिंग के अंदर मध्य प्रदेश का इंदौर शहर टॉप पर है.


पटना लखनऊ और रांची से काफी पीछे है. रैंकिंग में लखनऊ 12वें स्थान पर है जबकि रांची 30वें पर, उत्तर प्रदेश का वाराणसी शहर 27 में पायदान पर है. जबकि झारखंड का धनबाद 33 में पायदान पर है. पटना नगर निगम की तरफ से काफी प्रयास किए जाने के बावजूद अब तक के रैंकिंग में बहुत ज्यादा सुधार नहीं हो पाया है हालांकि इस नई रैंकिंग को लेकर पटना नगर निगम ने संतोष जताया है.


स्वच्छ सर्वेक्षण के इस पांचवें संस्करण में निकायों के मूल्यांकन के लिए स्वच्छ सर्वेक्षण लीग 2020 लॉन्च किया गया, जिसके अंतर्गत हर तिमाही- Q1 (अप्रैल-जून), Q2 (जुलाई-सितंबर) Q3 (अक्टूबर-दिसंबर) में विभिन्न श्रेणियों में अंक दिए गए. सभी निकायों के प्रदर्शन का आंकलन मूलत: चार घटक यथा सर्विस लेवल प्रोग्रेस, सर्टिफिकेशन, डायरेक्ट ऑबजर्वेशन एवं सिटीजन फीडबैक के आधार पर किया गया. प्रत्येक घटक हेतु अधिकतम 1500 अंक एवं सर्वेक्षण हेतु कुल 6000 अंक निर्धारित थे.


इस सर्वेक्षण में पटना को कुल 1552.11 अंक (सर्विस लेवल प्रोग्रेस में 105.16 अंक, डायरेक्ट ऑब्जर्वेशन में 600 अंक एवं सिटिजन फीडबैक में 846 अंक) प्राप्त हुए.


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